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कांग्रेसी विधायक सुखपाल सिंह खैरा को पंजाब की महिलाओं का अपमान करने के लिए तुरंत बर्खास्त किया जाए: Harpal Singh Cheema

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पंजाब विधानसभा ने मंगलवार को एक प्रस्ताव पारित कर कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैरा द्वारा कथित तौर पर महिलाओं के बारे में की गई अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट की निंदा की। यह पोस्ट आम आदमी पार्टी (आप) सरकार द्वारा बजट में घोषित 1,000 रुपये मासिक भत्ते के संबंध में की गई थी।

यह प्रस्ताव आम आदमी पार्टी की विधायक इंदरजीत कौर मान ने पेश किया और वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने इसका समर्थन किया।

इससे पहले, शून्यकाल के दौरान फेसबुक पोस्ट को लेकर हंगामा मच गया। स्पीकर कुलतार सिंह संधवान ने सदन को 30 मिनट के लिए स्थगित कर दिया क्योंकि आम आदमी पार्टी के विधायकों ने खैरा की टिप्पणी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की थी।

चीमा ने उस फेसबुक पोस्ट का जिक्र किया जिसमें खैरा ने कथित तौर पर कहा था कि 1,000 रुपये के दान के लिए गिद्धा नृत्य करने वाली महिलाओं से बहादुर बेटों को जन्म देने की उम्मीद नहीं की जा सकती है।

चीमा ने कहा कि यह टिप्पणी राज्य की गरीब और बेसहारा महिलाओं का अपमान करने के समान है, जिनकी सरकार आर्थिक रूप से मदद करना चाहती है।

वित्त मंत्री ने आगे कहा कि कांग्रेस नेताओं का दलितों के बारे में इस तरह की लापरवाह और अपमानजनक टिप्पणियां करने का पुराना इतिहास रहा है। उन्होंने राज्य कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वारिंग की उस टिप्पणी का जिक्र किया जिसमें उन्होंने कहा था कि “कांग्रेस ने एक अश्वेत व्यक्ति को केंद्रीय गृह मंत्री बनाया है”।

वन मंत्री लाल चंद कटारुचक ने मांग की कि सुखपाल सिंह खैरा सदन में आकर महिलाओं के बारे में अपनी टिप्पणी के लिए माफी मांगें।

जब आम आदमी पार्टी के अन्य विधायक अपनी सीटों से उठकर कांग्रेस के विधायकों पर चिल्लाने लगे, तब विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने कहा कि वह और उनकी पार्टी के अन्य विधायक खैरा की टिप्पणी से सहमत नहीं हैं।

उन्होंने कहा, “मैंने वह पोस्ट नहीं देखी है, लेकिन अगर किसी साथी विधायक ने ऐसी टिप्पणी की है, तो मैं उस पोस्ट की निंदा करता हूं। हम इससे सहमत नहीं हैं।”

जैसे ही इस मुद्दे पर चर्चा गरमा गई और आम आदमी पार्टी के विधायकों ने खैरा की टिप्पणी को लेकर राज्यव्यापी आंदोलन की धमकी दी, स्पीकर ने सदन को स्थगित कर दिया।

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लिवासा अस्पताल द्वारा लुधियाना में 360 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा: संजीव अरोड़ा

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राज्य के मजबूत मेडिकल बुनियादी ढांचे और तृतीयक स्तर के अस्पतालों की बढ़ती संख्या के कारण पंजाब उत्तरी भारत में एक प्रमुख स्वास्थ्य सेवा केंद्र के रूप में उभर रहा है। कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने आज घोषणा की कि लिवासा अस्पताल द्वारा 360 करोड़ रुपये के निवेश से लुधियाना में एक नया मल्टी-स्पेशलिटी अस्पताल स्थापित किया जाएगा। यह पंजाब की स्वास्थ्य सेवा क्षमता को मजबूत करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।

उन्होंने बताया कि लिवासा अस्पताल द्वारा लुधियाना में 368 बेडों वाला मल्टी-स्पेशलिटी तृतीयक देखभाल अस्पताल बनाने के लिए प्राइमवॉक इन्फ्रा प्राइवेट लिमिटेड के साथ दीर्घकालिक समझौता किया गया है।

यह अस्पताल राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित शेरपुर चौक के पास बनाया जा रहा है, ताकि लुधियाना और आसपास के जिलों के मरीजों की आसान पहुंच सुनिश्चित की जा सके। यह अस्पताल फिलहाल निर्माणाधीन है और अगले 18 महीनों में चरणबद्ध तरीके से चालू हो जाएगा।

परियोजना के पैमाने के बारे में जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि इस अस्पताल का निर्मित क्षेत्र 2.3 लाख वर्ग फुट से अधिक होगा और इसे 9,500 से अधिक वर्ग गज फ्रीहोल्ड जमीन पर विकसित किया जाएगा। लिवासा समूह इस परियोजना में लगभग 235 करोड़ रुपये का निवेश कर रहा है और भूमि मालिकों के योगदान सहित कुल निवेश 360 करोड़ रुपये तक पहुंच जाएगा। इस परियोजना को पीरामल समूह और बेन कैपिटल की स्पेशल सिचुएशन टीम के संयुक्त उद्यम इंडिया रिसर्जेंस फंड (प्दकपंत्थ्) का समर्थन प्राप्त है।

कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने कहा कि यह निवेश पंजाब के स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र और आर्थिक क्षमता में निवेशकों के मजबूत संस्थागत विश्वास को दर्शाता है।

लिवासा अस्पताल पहले से ही पंजाब में मोहाली (फ्लैगशिप सेंटर), अमृतसर, एसबीएस नगर (नवांशहर), होशियारपुर और खन्ना में अस्पतालों के साथ एक मजबूत क्षेत्रीय नेटवर्क संचालित कर रहा है। इस नए प्रोजेक्ट के साथ लिवासा का लक्ष्य पंजाब में अपनी कुल क्षमता को 2,000 बेडों तक बढ़ाना है, जिससे राज्य के उन्नत स्वास्थ्य सेवा ढांचे को और मजबूती मिलेगी।

लिवासा अस्पताल के सीईओ अनुराग यादव ने बताया कि हम 38 से अधिक मेडिकल स्पेशलिटी, 800 से अधिक बेड, 250 से अधिक वरिष्ठ सलाहकार, 280 आईसीयू बेड, 20 आधुनिक ऑपरेशन थिएटर और 6 एडवांस कैथ लैब के साथ तकनीक-आधारित तृतीय और चतुर्थ स्तर की स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। उन्होंने आगे बताया कि हमारी विशेष सेवाओं में कार्डियोलॉजी और कार्डियक सर्जरी, ऑन्कोलॉजी और एडवांस कैंसर केयर, न्यूरोलॉजी और न्यूरोसर्जरी, रोबोटिक ऑर्थाेपेडिक सर्जरी और जॉइंट रिप्लेसमेंट, गैस्ट्रोएंटेरोलॉजी और लिवर केयर, किडनी ट्रांसप्लांट और नेफ्रोलॉजी तथा 24×7 गंभीर और आपातकालीन देखभाल शामिल हैं।

संजीव अरोड़ा ने कहा कि यह निवेश बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करेगा, जिससे लोगों को अपने घर के नजदीक उन्नत तृतीयक चिकित्सा सेवाएं मिल सकेंगी और उन्हें इलाज के लिए दिल्ली या अन्य महानगरों में जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

उन्होंने कहा कि इससे पंजाब के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे। इस अस्पताल के माध्यम से स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में सैकड़ों कुशल और अर्ध-कुशल नौकरियां उपलब्ध होंगी।

मंत्री ने कहा कि हमारी सरकार पंजाब को एक मेडिकल हब के रूप में विकसित करने पर विशेष ध्यान दे रही है और इस परियोजना के माध्यम से पंजाब उत्तरी भारत में उन्नत स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्रीय केंद्र के रूप में उभरेगा।

पंजाब सरकार आधुनिक मेडिकल बुनियादी ढांचे, उन्नत तकनीक और उच्च गुणवत्ता वाली क्लिनिकल सेवाओं में निवेश को प्रोत्साहित करके एक मजबूत स्वास्थ्य सेवा इकोसिस्टम बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस प्रकार की परियोजनाएं जहां लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करती हैं, वहीं राज्य के निवेश इकोसिस्टम को भी मजबूत बनाती हैं।

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पंजाब में बचा कॉमर्शियल सिलेंडर का सिर्फ 3 दिन का स्टॉक, 10 हजार शादियों पर बना संकट, घरेलू Gas बुकिंग हुई बंद, विधानसभा में हुआ हंगामा!

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मिडिल ईस्ट में चल रही जंग का असर अब पंजाब में भी दिखने लगा है। प्रदेश में LPG के कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई लगभग ठप हो गई है और सिर्फ 2 से 3 दिन का स्टॉक बचा है। का असर अब 10 हजार शादियों पर पड़ सकता है और शादियों में खाने की वैरायटी कम होने की आशंका है। पंजाब होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के प्रधान अमरवीर सिंह ने बताया कि कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई पूरी तरह बंद है।

जिन लोगों के घरों में शादी या अन्य फंक्शन हैं, उन्हें परेशानी होने लगी है। अगर एक-दो दिन में समाधान नहीं निकला तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। इस मुद्दे पर चर्चा के लिए मीटिंग भी बुलाई गई है। इस समय गैस एजेंसियां पहले पुरानी बुकिंग क्लियर कर रही हैं, जिससे करीब 7 से 8 दिन की पेंडेंसी चल रही है। हालांकि जिला खाद्य आपूर्ति अफसर सरताज सिंह चीमा का कहना है कि घरेलू सिलेंडरों को लेकर फिलहाल कोई समस्या नहीं है।

वहीं लुधियाना और फरीदकोट में सर्वर डाउन होने के कारण घरेलू सिलेंडरों की बुकिंग भी नहीं हो पा रही है। इसके अलावा फरीदकोट, होशियारपुर और पटियाला समेत कई जिलों में सोमवार से कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई बंद है। उधर, कई परिवार शादी की तैयारियों के बीच रिश्तेदारों और दोस्तों के सहारे LPG सिलेंडर का इंतजाम करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन यह पर्याप्त नहीं है। सही सप्लाई न होने से पंजाब में करीब से ज्यादा शादियों के मेन्यू छोटा होने की स्थिति बन सकती है।

जालंधर गैस एजेंसी के मालिक ने बताया कि लोगों को पैनिक होने की जरूरत नहीं है। घरेलू सिलेंडर का पूरा स्टाक है। लोग मारामारी न करें। सरकार ने घरेलू सिलेंडर की बुकिंग के लिए समय 1 महीना कर दिया है। कई कस्टमर ये सवाल लेकर आ रहे हैं कि उनके सिलेंडर बुक नहीं हो रहे। उनको बताया जा रहा है कि सिलेंडर 1 महीने बाद ही बुक होगा। दूसरी तरफ कॉमर्शियल सिंलेंडर की डिलिवरी रोक दी गई है। पीछे से ही सिलेंडर नहीं आ रहे।

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बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर उम्र सीमा होनी चाहिए: Aman Arora

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पंजाब विधानसभा के बजट सत्र के पांचवें दिन सोशल मीडिया के उपयोग को लेकर महत्वपूर्ण चर्चा हुई। कैबिनेट मंत्री Aman Arora ने कहा कि जहां सोशल मीडिया के कई फायदे हैं, वहीं इसके नुकसान भी सामने आ रहे हैं, खासकर बच्चों पर इसका प्रभाव चिंता का विषय बन रहा है।

उन्होंने कहा कि बच्चों के लिए सोशल मीडिया के उपयोग को लेकर उम्र सीमा तय होनी चाहिए। सिर्फ सोशल मीडिया पर प्रतिबंध लगाने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि माता-पिता को भी अपने बच्चों पर ध्यान देना चाहिए और उन्हें जागरूक करना चाहिए। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कुछ चिंताएं सरकार के संज्ञान में आई हैं और इन मुद्दों पर काम शुरू कर दिया गया है।

अमन अरोड़ा ने कहा कि ऐसी स्थिति तब पैदा होती है जब बच्चे खेल के मैदान में खेलने के लिए बाहर नहीं जाते। उन्होंने बताया कि सरकार राज्य में 31,000 खेल मैदान बनाने की दिशा में काम कर रही है, ताकि बच्चे खेलों से जुड़ सकें।

इस मुद्दे पर सभी से सुझाव भी मांगे गए हैं, ताकि एक बेहतर नीति तैयार की जा सके। यह प्रस्ताव विधायक Rana Inder Pratap Singh ने सदन में उठाया था। उन्होंने कहा कि यह एक महत्वपूर्ण विषय है और इस पर विधानसभा में चर्चा होनी चाहिए।

कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने जवाब देते हुए कहा कि यह वा

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