Connect with us

Uttar Pradesh

UP: नगर निगमों में तेजी से होगी भर्ती, मथुरा और अयोध्या को सीएम योगी की बड़ी सौगात।

Published

on

UP के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नगर विकास विभाग की समीक्षा करते हुए कई बड़े निर्देश जारी किए हैं. इसमें नगर निकायों में रिक्त पदों पर भर्ती का आदेश भी उन्होंने दिया है.

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मथुरा-वृंदावन में प्रयागराज के शिवालिक पार्क की तर्ज पर ‘कृष्ण लोक पार्क’ विकसित करने की घोषणा की है। इसी क्रम में अयोध्या में ‘लवकुश पार्क’ और ‘श्री पुरुषोत्तम दर्शन अनुभव केंद्र’ की भी स्थापना की जाएगी। यह निर्देश उन्होंने बुधवार को नगर विकास विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान दिए।

इसके साथ ही, प्रयागराज और वाराणसी नगर निगम जल्द ही म्युनिसिपल बॉन्ड जारी करने वाले हैं। इसके बाद गोरखपुर, मेरठ और कानपुर के नगर निगम भी अपने-अपने बॉन्ड जारी करेंगे।

शहरों में यातायात व्यवस्था को लेकर सीएम योगी ने कहा, सिटी बस सेवा में निजी ई बस ऑपरेटरों को मौका दिया जाए. हालांकि किराया-पार्किंग और रूट तय हो. प्रदेश में कहीं भी न हों अवैध होर्डिंग न लगे. इलेक्ट्रॉनिक डिस्प्ले बोर्ड सभी जगह लगवाएं जाएं. मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी नगर निकायों में नामांतरण, पंजीयन और वसीयत का एक समान तरीका और एक जैसा शुल्क रखा जाए.

ग्रीन ऊर्जा वाली बसों को बढ़ावा

ग्रीन बसों को बढ़ावा दिया जाए. अभी 15 शहरों में 700 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन हो रहा है. 15 साल से अधिक समय तक किसी भी डीजल/सीएनजी बसों का इस्तेमाल न हो. इन्हें स्क्रैप कराकर नई ई-बसें लाई जानी चाहिए. सिटी बस सेवा में निजी ई-बस ऑपरेटरों को अवसर मिले. इसमें किराया, पार्किंग और रूट तय हो. इन प्राइवेट ई-बसों को निकट के कस्बों से जोड़ा जाए.

वाहन पार्किंग पर फोकस हो

शहरों में वाहन पार्किंग को मांग, स्थान और समय का विस्तार कर शुल्क में एकरूपता लाई जाए. व्यापारियों, दुकानों औऱ कार्यालयों में कर्मचारियों का मंथली पास बनाया जाए. किसी भी कीमत में कहीं भी पार्किंग के नाम पर अवैध वसूली न होने पाए.

नगरपालिका में एक जैसी व्यवस्था हो

सीएम योगी ने कहा, नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायतों में अचल संपत्तियों के ट्रांसफर, रजिस्ट्रेशन, वसीयत में नगर निकायों का शुल्क समान हो. एक जैसी व्यवस्था से आसानी से इसे अमल में लाया जा सकता है.बरसात से पहले सभी नगर निकायों में ड्रेनेज सिस्टम बेहतर बनाया जाए.

स्मार्ट नगर पालिका बनाएं

सभी जिला मुख्यालय वाले नगर निकायों में स्मार्ट नगर पालिका बने. स्मार्ट नगरपालिका में डिजिटल गर्वनेंस, वायु और जल प्रदूषण की निगरानी, जलभराव की निगरानी, स्मार्ट पार्किंग, स्मार्ट लाइट मैनेजमेंट, वेंडिंग ज़ोन, डिजिटल लाइब्रेरी, प्रदर्शनी स्थल, ऑडिटोरियम, को बेहतर बनाया जाए.

प्रयागराज जैसा पार्क बने मथुरा और अयोध्या में

सीएम योगी ने कहा, प्रयागराज में वेस्ट मैटेरियल से तैयार शिवालिक पार्क पर्यटकों का पसंदीदा क्षेत्र बन गया है.ऐसे ही बेकार पड़े सामानों से मथुरा-वृंदावन नगर निगम सीमा में ‘कृष्ण लोक’ पार्क और अयोध्या में लवकुश पार्क बनाया जाए. यहां भगवान राम, भगवान कृष्ण तथा लवकुश की जीवन गाथा दिखे. आवारा कुत्तों के काटने की समस्या पर गंभीर तौर पर ध्यान दिया जाए.

नगर निकायों के खाली पदों पर भर्ती हों

नगर निकायों में खाली पदों पर तत्काल भर्ती करें. आउटसोर्सिंग से तैनाती भी तुरंत पूरी की जाए. नगर निकायों को कमाई बढ़ाने के उपाय करने होंगे. लखनऊ, गाजियाबाद और आगरा नगर निगम के बाद अब वाराणसी और प्रयागराज नगर निगम भी म्युनिसिपल बॉन्ड जारी करेगा. गोरखपुर, मेरठ और कानपुर नगर निगम भी बांड से पैसा जुटाएंगे.

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Uttar Pradesh

लखनऊ में महिला आरक्षण मुद्दे पर उबाल—25 हजार महिलाओं का जन आक्रोश मार्च, सीएम योगी ने विपक्ष पर साधा निशाना

Published

on

लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पास न होने पर लखनऊ में भाजपा ने मंगलवार को जन आक्रोश महिला पदयात्रा निकाली। सीएम योगी खुद इस पदयात्रा में महिलाओं के साथ पैदल चले। उनके साथ करीब 15 हजार महिलाएं चलीं। योगी के अलावा दोनों डिप्टी सीएम, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी समेत पार्टी के सीनियर लीडर भी कड़ी धूप में पैदल चले।

पदयात्रा सीएम आवास से शुरू होकर विधानसभा तक करीब 2 किमी तक गई। यहां भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने रैली को संबोधित किया। उन्होंने कहा- नकाब वालों के चक्कर में सपा-कांग्रेस ने 80% महिलाओं का नुकसान किया। महिलाओं के मन में जबरदस्त गुस्सा है।

वहीं, सीएम योगी ने कहा- सपा हो या कांग्रेस, इनके कृत्य महिला विरोधी रहे हैं। आज महिलाओं में इनके प्रति कितना गुस्सा है। इसका अंदाजा भीषण गर्मी में इस भीड़ को देखकर लगाया जा सकता है। देश के अंदर केवल 4 जातियां हैं। पहली जाति महिला है। दूसरी गरीब की, तीसरी युवा और चौथी किसान की।

उन्होंने कहा- कांग्रेस, सपा और उनके सहयोगी दलों से जुड़ी महिलाएं भी इस रैली में आई हैं। आज की रैली यहीं समाप्त नहीं होती है। यह आंदोलन बूथ, मंडल, ब्लॉक और जिले स्तर तक जारी रखना है।

गर्मी को देखते हुए पदयात्रा में जगह-जगह प्याऊ, एंबुलेंस की व्यवस्था की गई थी। रैली में शामिल महिलाओं ने राहुल गांधी मुर्दाबाद, नारी के सम्मान में भाजपा मैदान में जैसे नारे लगाए। माध्यमिक शिक्षा मंत्री गुलाब देवी ने संबोधन में कहा-

सपा और कांग्रेस की स्थिति मेंढक की तरह है। इन्हें चाहे चांदी के चबूतरे में बैठा लो या सोने के। ये उछलेंगे तो नाले में ही कूंदेंगे। महिलाओं को आरक्षण जाति देखकर नहीं दिया जा सकता।

पदयात्रा में सीएम योगी, दोनों डिप्टी सीएम के अलावा कैबिनेट की महिला मंत्री भी हैं। इसके अलावा, गठबंधन की पार्टियां भी शामिल हुई हैं। इनमें ओपी राजभर, आशीष पटेल भी हैं। राजनीति के जानकार इसे भाजपा के शक्ति प्रदर्शन के तौर पर देख रहे हैं।

भाजपा संगठन महामंत्री धर्मपाल सिंह ने कहा- नारी शक्ति वंदन अधिनियम के लोकसभा में पारित न होने पर यह पदयात्रा निकाली गई। उन्होंने बताया कि महिलाओं को राजनीतिक रूप से मजबूत बनाने के लिए पीएम मोदी का महत्वपूर्ण कदम था। सभी दलों से सहयोग मांगने के बावजूद अधिनियम गिर गया।

सीएम योगी ने जन आक्रोश रैली को संबोधित किया। उन्होंने कहा- सपा हो या कांग्रेस, इनके कृत्य महिला विरोधी हैं। महिलाओं में इनके प्रति कितना गुस्सा है। यह दिखा रहा है कि भीषण गर्मी में भी हजारों की संख्या में बहनें आई हैं। देश के अंदर केवल 4 जातियां हैं- महिला, गरीब, युवा और किसान।

देश के अंदर इंस्फ्रास्ट्रक्चर का विकास हो, देश के संरक्षण का काम हो, समाज के हर तबके के उत्थान के लिए चलने वाली योजनाएं हों। इन सबके केंद्र बिंदु में महिलाएं हैं। उन्होंने कहा- पीएम आवास, स्वच्छ भारत मिशन, हर घर शौचालय, हर गरीब को छत, हर महिला को उज्ज्वला योजना से जोड़ना उन्हें ईंधन उपलब्ध कराना ही नहीं है, यह उनके स्वावलंबन के लिए भी है।

Continue Reading

Uttar Pradesh

स्मार्ट मीटर को लेकर एक्शन में UPPCL, चार सदस्यीय तकनीकी कमेटी बनी, IIT और रिसर्च एंड डेवलपमेंट के अधिकारी शामिल

Published

on

उत्तर प्रदेश में स्मार्ट मीटर की शिकायतें लगातार बढ़ती जा रही हैं. प्रदेश के लगभग सभी जनपदों में स्मार्ट प्रीपेड मीटर को लेकर रोजाना ही विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. ऐसे में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले का संज्ञान लिया और अब पावर कॉरपोरेशन की तरफ से स्मार्ट मीटर की गुणवत्ता जांचने और तकनीकी परीक्षण के लिए चार सदस्यीय विशेषज्ञों की समिति का गठन किया गया है. इस समिति में आईआईटी, रिसर्च एंड डेवलपमेंट के साथ ही पावर कारपोरेशन के अधिकारी भी शामिल होंगे.

उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन (UPPCL) ने मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्मार्ट मीटर की गुणवत्ता की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय तकनीकी समिति का गठन किया है. इस समिति में आईआईटी कानपुर के प्रोफेसर अंकुश शर्मा और प्रबोध वाजपेई, इलेक्ट्रिकल रिसर्च एंड डेवलपमेंट एसोसिएशन वडोदरा के अनुभाग प्रमुख तेजस मिस्त्री और पावर कारपोरेशन के निदेशक (वितरण) जीडी द्विवेदी को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है.

समिति के गठन से यह स्पष्ट है कि पावर कारपोरेशन ने स्वयं स्मार्ट मीटर की गुणवत्ता और कनेक्टिविटी से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से स्वीकार किया है. उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि पहली बार पावर कारपोरेशन ने यह माना है कि स्मार्ट मीटरों में तकनीकी कमियां मौजूद हैं.

उन्होंने यह भी बताया कि प्रदेश में अब तक लगभग 85 लाख स्मार्ट मीटर लगाए जा चुके हैं, जो केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण की एक अप्रैल 2026 की अधिसूचना के अनुसार स्थापित किए जा रहे हैं. इस स्थिति में यह आवश्यक है कि प्रीपेड आधार पर दिए जा रहे नए बिजली कनेक्शनों को तत्काल प्रभाव से रोका जाए. बिना उपभोक्ताओं की सहमति के प्रीपेड मोड में किए गए 70 लाख से अधिक कनेक्शनों को पोस्टपेड मोड में परिवर्तित किया जाए.

उपभोक्ता परिषद ने पावर कारपोरेशन और प्रदेश सरकार से मांग की है कि जब तक वर्तमान जांच समिति की रिपोर्ट सार्वजनिक (पब्लिक डोमेन) में जारी नहीं हो जाती, तब तक पूरे उत्तर प्रदेश में स्मार्ट मीटर की स्थापना पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए.

Continue Reading

Uttar Pradesh

सकौती में जाटों का जमावड़ा: CM मान समेत कई दिग्गज पधारे, मंच से गरजे जाट नेता-पहचान व सम्मान से समझौता नहीं

Published

on

मेरठ जिले के दौराला क्षेत्र के सकौती स्थित हितकारी इंटर कॉलेज में आज महाराजा सूरजमल की प्रतिमा का अनावरण किया गया। इस अवसर पर जाट संसद की ओर से देशभर में समाज के महापुरुषों की प्रतिमाएं स्थापित करने के अभियान की शुरुआत की गई है। कार्यक्रम में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान, समाज के लोग, जनप्रतिनिधि और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी बड़ी संख्या में मौजूद हैं।

जाट संसद के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनु चौधरी ने कार्यक्रम के दौरान कहा कि आने वाले एक से दो वर्षों में देश के सभी जाट बहुल गांवों में समाज के महापुरुषों की प्रतिमाएं स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। उनका कहना है कि इससे समाज को अपने इतिहास और गौरव से जोड़ने में मदद मिलेगी।

प्रतिमाएं स्थापित करने का अभियान शुरू


मनु चौधरी ने बताया कि जाट संसद की ओर से यह राष्ट्रव्यापी अभियान समाज के महापुरुषों के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के उद्देश्य से शुरू किया गया है। इसके तहत देश के विभिन्न राज्यों में चरणबद्ध तरीके से प्रतिमाएं स्थापित की जाएंगी और समाज के लोगों को इतिहास के प्रति जागरूक किया जाएगा।

कार्यक्रम को लेकर विवाद का आरोप


मनु चौधरी ने आरोप लगाया कि शनिवार रात पुलिस ने कार्यक्रम स्थल पर लगे जाट शब्द को हटवा दिया और चालान करने की चेतावनी दी। उन्होंने इस कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए कहा कि समाज अपनी पहचान और सम्मान से कोई समझौता नहीं करेगा।

कई जनप्रतिनिधियों के शामिल होने की उम्मीद


कार्यक्रम में कई सांसद, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और क्षेत्रीय नेता मौजूद हैं। आयोजकों के अनुसार पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रमुख हनुमान बेनीवाल के भी कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है। दोनों नेताओं के कार्यक्रम स्थल की ओर आने की जानकारी दी गई है।

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने महाराजा सूरजमल के योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का आह्वान किया। साथ ही समाज में एकजुटता बढ़ाने और शिक्षा के प्रसार पर विशेष जोर दिया गया।

Continue Reading

Trending