Punjab
Punjab में Launch हुआ ‘Project Jeevanjyot-2’: अब कोई बच्चा सड़कों पर भीख नहीं मांगेगा
सरकार का सख्त फैसला, बच्चों से भीख मंगवाने वालों पर होगी कानूनी कार्रवाई, हो सकती है उम्रकैद तक की सज़ा
पंजाब सरकार ने राज्य में बच्चों से भीख मंगवाने की समस्या को खत्म करने के लिए एक बड़ी और सख्त पहल की है। मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुआई और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल की सोच से प्रेरित होकर अब ‘प्रोजेक्ट जीवनज्योत-2’ की शुरुआत की गई है। इस योजना का मकसद है कि पंजाब की सड़कों पर कोई भी बच्चा भीख मांगते हुए नज़र न आए।
क्या है ‘प्रोजेक्ट जीवनज्योत’?
यह योजना सबसे पहले सितंबर 2024 में शुरू की गई थी। इसके पहले फेज़ में राज्य भर में बच्चों को भीख मांगने से रोकने और उन्हें सुरक्षित जगह पर पहुंचाने के लिए विशेष टीमें बनाई गईं। इन टीमों ने बीते 9 महीनों में 753 जगहों पर छापेमारी की और 367 बच्चों को बचाया। इनमें से 350 बच्चों को उनके परिवारों तक पहुंचाया गया, जबकि जिनके माता-पिता का कोई पता नहीं था, उन्हें बाल गृह (Child Care Homes) में रखा गया।
सरकार का फोकस सिर्फ रेस्क्यू पर नहीं, बच्चों का भविष्य भी सुरक्षित करना मकसद
सरकार ने न सिर्फ बच्चों को सड़कों से बचाया, बल्कि उन्हें स्कूलों में दाखिला भी दिलाया।
- 183 बच्चों को स्कूलों में भर्ती किया गया
- 13 छोटे बच्चों को आंगनवाड़ी केंद्रों में भेजा गया
- 30 गरीब बच्चों को ₹4000 प्रतिमाह की मदद दी जा रही है
- 16 बच्चों को पेंशन योजना में जोड़ा गया, जिसमें ₹1500 प्रतिमाह मिलते हैं
महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि हर 3 महीने में इन बच्चों की स्थिति की दोबारा जांच की जाती है। लेकिन इस बीच एक बड़ा सवाल भी खड़ा हुआ — 57 बच्चे फिर से स्कूल या घर से गायब पाए गए। क्या वे फिर से किसी गिरोह के शिकार हो गए हैं?
यही सवाल बना ‘प्रोजेक्ट जीवनज्योत-2′ की नींव
अब सरकार ने दूसरे फेज़ में और भी ज्यादा सख्ती और निगरानी के साथ काम शुरू किया है। केवल दो दिनों में 18 जगहों पर छापेमारी करके 41 बच्चों को बचाया गया है।
अब होगा DNA टेस्ट
जहां बच्चों के साथ आए बड़े लोगों की पहचान पर शक होता है, वहां DNA टेस्ट करवाया जाएगा। यदि पता चला कि बच्चा उनके असली माता-पिता का नहीं है, तो बाल तस्करी और शोषण के केस में सख्त कार्रवाई की जाएगी।
भीख माफिया और शोषण करने वालों को होगी कड़ी सज़ा
- बच्चों से भीख मंगवाने पर 5 साल से लेकर उम्रकैद तक की सज़ा हो सकती है
- शारीरिक हिंसा के केस में 20 साल तक की सज़ा
- अगर कोई माता-पिता बार-बार अपने बच्चे से भीख मंगवाते हैं, तो उन्हें Unfit Parent घोषित किया जाएगा और सरकार बच्चा अपने संरक्षण में ले लेगी
बठिंडा में दर्ज हुआ पहला केस
सरकार ने बताया कि बठिंडा में एक केस में 20 बच्चों को भीख मंगवाने से बचाया गया है और एफआईआर दर्ज की गई है।
दिव्यांग और शोषित बच्चों को मिलेगा फ्री इलाज
हाल में रेस्क्यू किए गए 17 बच्चे शारीरिक शोषण और दिव्यांगता का शिकार पाए गए। सरकार ने उन सभी को स्वास्थ्य बीमा के तहत कवर किया है ताकि उनका इलाज अच्छे से हो सके।
सरकार का साफ संदेश
मंत्री बलजीत कौर ने कहा, “पंजाब सरकार किसी भी बच्चे का शोषण बर्दाश्त नहीं करेगी। अगर कोई बच्चा भीख मांगते पाया गया, तो अब सिर्फ उसे बचाया नहीं जाएगा, बल्कि उसके पीछे मौजूद शोषण करने वालों को भी सज़ा दी जाएगी।”
‘प्रोजेक्ट जीवनज्योत-2’ सिर्फ एक योजना नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में पंजाब सरकार का एक ठोस और ऐतिहासिक कदम है। अब हर बच्चा स्कूल जाएगा, सुरक्षित रहेगा और उसके सपनों में कोई रुकावट नहीं आएगी।
अगर आप इस योजना से जुड़ी किसी भी गतिविधि की जानकारी देना चाहते हैं, या किसी बच्चे को भीख मांगते हुए देखते हैं, तो नजदीकी बाल संरक्षण अधिकारी या चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर तुरंत संपर्क करें।
Punjab
तरनतारन में बड़ी कामयाबी, BSF और पंजाब पुलिस ने हथियारों की बड़ी खेप बरामद की
पंजाब में सीमा पार से हथियारों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पंजाब पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। तरनतारन पुलिस ने सीमा सुरक्षा बल (BSF) के साथ संयुक्त अभियान चलाकर हथियारों की एक बड़ी खेप बरामद की है।
इस कार्रवाई के दौरान एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक MP-09 राइफल और सात आधुनिक पिस्तौल बरामद की हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ये हथियार कथित तौर पर पाकिस्तान में बैठे राष्ट्रविरोधी तत्वों द्वारा पंजाब में सक्रिय गैंगस्टर नेटवर्क की मदद से भेजे गए थे।
जांच एजेंसियों के अनुसार, इन हथियारों का इस्तेमाल राज्य में टारगेट किलिंग की घटनाओं को अंजाम देने, दहशत का माहौल बनाने और पंजाब की कानून-व्यवस्था तथा सांप्रदायिक सौहार्द को नुकसान पहुंचाने की साजिश के तहत किया जाना था।
पुलिस का कहना है कि यह नेटवर्क लंबे समय से सीमा पार बैठे हैंडलरों के निर्देश पर काम कर रहा था। गिरफ्तार आरोपी से लगातार पूछताछ की जा रही है, ताकि पूरे मॉड्यूल, उसके अन्य सदस्यों और इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े सभी लोगों की पहचान की जा सके।
पंजाब पुलिस और बीएसएफ ने स्पष्ट किया है कि सीमा पार से होने वाली हथियारों और नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ संयुक्त अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। साथ ही इस मामले से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश और पूरे नेटवर्क की गहन जांच की जा रही है।
National
अमन अरोड़ा ने शाहकोट हलके में नौकरियों के मामले में कांग्रेसी विधायक लाडी को घेरा
पंजाब विधान सभा में विपक्ष को घेरते हुए पंजाब के रोजगार सृजन, कौशल विकास और प्रशिक्षण तथा उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री श्री अमन अरोड़ा ने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले साढ़े चार सालों में 68000 से अधिक सरकारी नौकरियां प्रदान की हैं और 1,83,837 करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित करने के साथ-साथ निजी क्षेत्र में 6,36,636 नौकरियों के अवसर पैदा किए हैं।
आज सदन में विधायक स. कुलदीप सिंह धालीवाल द्वारा रोजगार के अवसरों के बारे में पेश किए गए प्रस्ताव पर चर्चा का समापन करते हुए श्री अमन अरोड़ा ने सदन को बताया कि इस बड़े निवेश प्रवाह ने सीधे और अप्रत्यक्ष रूप से निजी क्षेत्र में 6.36 लाख से अधिक नौकरियों के अवसर पैदा किए हैं। उन्होंने जापान की प्रमुख स्टील कंपनी आइची स्टील का उदाहरण दिया, जिसने मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली राज्य सरकार की सुविधाओं और कारोबार को आसान बनाने वाली नीतियों से प्रभावित होकर अपने नियोजित निवेश को 500 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 1100 करोड़ रुपये कर दिया है।
कांग्रेस के विधायक हरदेव सिंह लाडी शेरोवालिया द्वारा उनके शाहकोट विधानसभा हलके में किसी भी व्यक्ति को सरकारी नौकरी न मिलने के आरोप पर श्री अमन अरोड़ा ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें अपने शाहकोट हलके में सभा रखने की चुनौती दी। उन्होंने कहा, ”मैं आऊंगा और हम लोगों से पूछेंगे, क्या उन्हें नौकरियां मिली हैं। अगर मैं गलत हुआ, तो मैं मंत्री पद और विधायक के तौर पर इस्तीफा दे दूंगा। अगर मैं सही हुआ तो लाडी को इस्तीफा देना होगा।” कांग्रेसी विधायक लाडी ने यह चुनौती स्वीकार नहीं की और चर्चा छोड़कर बैठ गए।
उन्होंने जोर देकर कहा कि पंजाब सरकार ने सभी सरकारी नौकरियां बिना किसी रिश्वत या सिफारिश के केवल योग्यता के आधार पर दी हैं।
श्री अमन अरोड़ा ने कौशल विकास के लिए राज्य सरकार के रिकॉर्ड प्रयासों का हवाला देते हुए बताया कि राज्य के बजट में 75 सालों में पहली बार कौशल विकास मिशन के लिए 25 करोड़ रुपये रखे गए हैं, जो पिछले साल 10 करोड़ रुपये थे। उन्होंने दावा किया कि 22 लाख से अधिक नौजवानों को रोजगार में प्लेसमेंट कैंपों और हैंडहोल्डिंग अभ्यासों के माध्यम से सुविधा दी गई है। उन्होंने बताया कि सुनाम में हाल ही में आयोजित एक मेगा रोजगार मेले में, 61 कंपनियों ने भाग लिया और लगभग 700 नौजवानों को मौके पर ही नियुक्ति पत्र जारी किए।
रोजगार सृजन मंत्री ने आगे बताया कि राज्य सरकार द्वारा 100 करोड़ रुपये की लागत से संगरूर जिले में विश्व स्तरीय संत अतर सिंह महाराज आर्म्ड फोर्सेज प्रेपरेटरी इंस्टीट्यूट स्थापित किया जा रहा है। यह विश्व स्तर पर अपनी तरह का पहला संस्थान है, जहां सशस्त्र सेनाओं में अधिकारी स्तर के पदों के लिए वार्षिक 500 नौजवानों को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
केंद्र सरकार के आंकड़ों का हवाला देते हुए श्री अमन अरोड़ा ने बताया कि 15-29 साल आयु वर्ग में पंजाब की बेरोजगारी दर वर्ष 2022 की 19.1 प्रतिशत से घटकर 2025 में 17 प्रतिशत हो गई है। मंत्री ने पीरियोडिक लेबर फोर्स सर्वेक्षण का हवाला देते हुए बताया कि अब पंजाब बेहतर रोजगार मैट्रिक्स वाले राज्यों में शामिल है।
वैश्विक स्तर का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि आजादी के समय भारत की जीडीपी चीन से थोड़ी अधिक थी। उन्होंने कहा, ”चीन ने अपने प्रत्येक व्यक्ति को काम पर लगाया और दुनिया की सबसे बड़ी फैक्ट्री बनकर उभरा। चीन निकट भविष्य में अमेरिका को पछाड़ सकता है। हमारे पास वही क्षमता है, लेकिन सही वातावरण की कमी थी। पर अब हम इसे ठीक कर रहे हैं।”
कैबिनेट मंत्री ने जोर देकर कहा कि दुनिया की कोई भी सरकार प्रत्येक नागरिक को नौकरी देने की गारंटी नहीं दे सकती। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि सरकार का असल कर्तव्य उद्योग और रोजगार के लिए अनुकूल माहौल तैयार करना होता है। उन्होंने कहा, ”हम यहां केवल आंकड़े पेश करने के लिए नहीं हैं। हम ऐसा माहौल बना रहे हैं, जहां हर नौजवान अपने पैरों पर खड़ा हो सके।”
विपक्ष द्वारा नौकरियों के बारे में व्हाइट पेपर जारी करने की मांग पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, ‘सबसे अच्छा, सस्ता और टिकाऊ व्हाइट पेपर लोगों से सीधे तौर पर पूछना है। आरटीआई दायर करो या लोगों के साथ मीटिंग करो। लोग खुद बताने देंगे कि उन्हें नौकरियां मिली हैं या नहीं।”
श्री अमन अरोड़ा ने पिछली कांग्रेस सरकार के ‘हर घर नौकरी’ वादे पर कटाक्ष करते हुए इसे पंजाब के नौजवानों के साथ ‘सबसे बड़ा धोखा’ बताया। उन्होंने जोर देकर कहा कि ‘आप’ सरकार ने बिना किसी रिश्वत के पारदर्शी तरीके से 68000 से अधिक सरकारी नौकरियां प्रदान की हैं। उन्होंने दोहराया कि सरकार का एकमात्र उद्देश्य पंजाब को ‘कारोबार करने में आसानी’ के लिए एक मॉडल राज्य बनाना और सम्मानजनक, कौशल-आधारित रोजगार पैदा करना है।
National
सियाम ने भी माना, ई-20 में ज्यादा क्लोराइड और नमी के कारण खराब हो रही गाड़ियां- केजरीवाल
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ई-20 को लेकर सियाम की सौंपी गई रिपोर्ट को वापस कराने पर केंद्र की मोदी सरकार को आड़े हाथ लिया है। उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर कहा कि सियाम (सोसायटी ऑफ इंडिया ऑटोमोबाइल मैनुफैक्चरर्स) की एक रिपोर्ट आई है, जिसमें साफ़ लिखा है कि ई-20 में बहुत ज्यादा क्लोराइड और नमी है, जिससे आपकी गाड़ियां ख़राब हो रही हैं। मोदी सरकार ने सियाम पर दबाव डालकर वो रिपोर्ट वापस करवा दी। क्यों? जब विज्ञान और इंजीनियरिंग कह रहे हैं कि ई-20 ख़राब है, तो मोदी सरकार इसे देश पर जबरन क्यों थोप रही है?
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ई-20 को लेकर सियाम की यह रिपोर्ट चौंकाने वाली है। सियाम ने रिसर्च की और ऑटोमोबाइल के सभी मैन्युफैक्चरर्स ने मिलकर यह पाया कि क्लोराइड और मॉइस्चर ज्यादा होने की वजह से ई-20 गाड़ियों को खराब कर रहा है। सियाम ने 28 जुलाई को मोदी सरकार को यह रिपोर्ट सौंपी थी। 4 अगस्त तक केंद्र सरकार ने सियाम पर जबरदस्ती करके वह रिपोर्ट वापस करा दी। रिपोर्ट वापस करने के बाद सियाम की तरफ से कहा गया कि शायद उनकी रिपोर्ट में कुछ गड़बड़ी है और कुछ तथ्यों को दोबारा चेक करने की जरूरत है। एक तरह से मोदी सरकार जबरदस्ती करके पूरे देश पर ई-20 थोप रही है, लेकिन क्यों?
-
Religious3 years agoकब है तुलसी विवाह? इस दिन तुलसी माता का विवाह करने से मिलेगा लाभ
-
Religious3 years agoजानिए गोवर्धन पूजा का महत्व, कौनसा समय रहेगा पूजा के लिए सही
-
Religious3 years agoआखिर क्यों लिखा जाता है घर के बाहर शुभ लाभ, जानिए क्या है इन चिह्न का मतलब
-
Religious3 years agoपैरों के निशान, बनावट, रंग, साइज से पता लागए की आप कितने है भागयशाली
-
Religious3 years agoजानिए दीपावली में वाले दिन आखिर कितने जलाने चाहिए दीये ? और क्यों जलाने चाहिए दिये |
-
Chandigarh2 years agoChandigarh: Top 10 Restaurants. ये लोकप्रिय क्यों हैं ?
-
Punjab2 years agoपंजाब में अमरूद के बगीचे के मुआवजे के घोटाले में ED ने 26 स्थानों पर छापे मारे
-
Punjab2 years agoLudhiana में पुलिस स्टेशन के पास शव मिला। एक आदमी सड़क के बीच में पड़ा था; पास में कपड़ों से भरा एक बोरे भी मिला था, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो सकी