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Punjab का सबसे महंगा टोल प्लाजा फ्री होने की खबर, किसानों का धरना जारी

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Punjab के किसान एनएचएआई से परेशान हैं, क्योंकि उन्हें टोल प्लाजा पर काफी पैसे देने पड़ते हैं। डेढ़ महीने तक उन्होंने विरोध प्रदर्शन किया, लेकिन कोर्ट के आदेश के बाद बंद कर दिया। अब वे टोल फ्री करवाने के लिए फिर से विरोध प्रदर्शन करने के बारे में सोच रहे हैं। किसानों का कहना है कि टोल प्लाजा कंपनी किसान जत्थेबंदियों द्वारा उनके लिए बनाए गए विशेष कार्ड स्वीकार नहीं कर रही है और उनसे टोल शुल्क वसूला जा रहा है। साथ ही टोल प्लाजा कर्मी लोगों से बदतमीजी भी कर रहे हैं।

इस वजह से टोल मुद्दे पर चर्चा के लिए किसान फिर से गुरुद्वारे में मिले। भारतीय किसान मजदूर यूनियन (बीकेयू) और बीकेयू दोआबा की ओर से हुई बैठक में फैसला लिया गया कि अगर किसानों के कार्ड स्वीकार नहीं किए गए और कोई समाधान नहीं निकला तो 18 अगस्त को फिर से टोल फ्री कर दिए जाएंगे। इस दौरान अगर कोई दिक्कत आई तो टोल प्लाजा कंपनी और पुलिस जिम्मेदार होगी। भाकियू के नेता दिलबाग सिंह ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश के बाद एनएचएआई ने जबरन टोल वसूलना शुरू कर दिया है।

टोल प्लाजा के कर्मचारी किसान संगठनों द्वारा अपने सदस्यों के लिए बनाए गए विशेष कार्ड को भी स्वीकार नहीं कर रहे हैं और लोगों के साथ बुरा व्यवहार कर रहे हैं। वे स्वतंत्रता सेनानियों के लिए बने कार्ड पर भी टोल वसूल रहे हैं। दिलबाग सिंह ने बताया कि 2009 में कुछ सड़कों पर कार, जीप और वैन के लिए प्रति किलोमीटर 40 पैसे किराया था। यह 60 किलोमीटर की दूरी के लिए था। 2023 में यह किराया बढ़ाकर 65 पैसे प्रति किलोमीटर कर दिया गया। हालांकि, टोल बूथों पर लोगों से इससे ज्यादा पैसे वसूले जा रहे हैं।

किसानों का कहना है कि उनसे पूरे दिन के 330 रुपये लिए जा रहे हैं, जबकि सरकारी दर कम होनी चाहिए। फास्टैग न होने पर भी उनसे अतिरिक्त पैसे वसूले जा रहे हैं। किसानों का मानना ​​है कि टोल बूथ चलाने वाली कंपनियां पंजाब के लोगों का फायदा उठाकर खुद को मालामाल कर रही हैं। किसान संगठनों ने फैसला किया है कि अगर एनएचएआई के लोग किसानों को परेशान करते रहे तो रविवार 18 अगस्त को टोल फ्री कर दिया जाएगा। मनजीत सिंह राय, काहन सिंह, जसकरन सिंह और अन्य लोग उस बैठक में मौजूद थे जहां यह निर्णय लिया गया।

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CM मान की ‘शुक्राना यात्रा’ का तीसरा दिन, बठिंडा से हुई शुरुआत

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पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की ‘शुक्राना यात्रा’ आज तीसरे दिन में प्रवेश कर गई। यह यात्रा बेअदबी के खिलाफ बनाए गए सख्त कानून के लिए पंजाबवासियों का धन्यवाद करने के उद्देश्य से निकाली जा रही है। तीसरे दिन की शुरुआत बठिंडा से हुई, जहां सुबह करीब 10 बजे यात्रा ‘थ्री कॉर्नर्स’ से रवाना हुई।

इस दौरान बड़ी संख्या में आम लोगों और ‘आप’ कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। बठिंडा के डिप्टी कमिश्नर राजेश धीमान और एसएसपी डॉ. ज्योति यादव बैंस की ओर से सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर विशेष इंतजाम किए गए हैं। प्रशासन के मुताबिक यात्रा के पूरे रूट का ट्रैफिक प्लान पहले ही जारी कर दिया गया था ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

बठिंडा में यात्रा ‘थ्री कॉर्नर्स’ से अमरीक सिंह रोड, गोल डिग्गी, हनुमान चौक, बस स्टैंड, कोटशमीर और भागीवंदर होते हुए आगे बढ़ी। इसके बाद यात्रा तलवंडी साबो के लिए रवाना हुई। तलवंडी साबो में मुख्यमंत्री भगवंत मान तख्त श्री दमदमा साहिब में माथा टेकेंगे और अरदास करेंगे।

इसके बाद शुक्राना यात्रा सरदूलगढ़, मानसा और बरनाला होते हुए आगे बढ़ेगी। यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री मान विभिन्न स्थानों पर लोगों को संबोधित भी कर सकते हैं। इस यात्रा का उद्देश्य बेअदबी के खिलाफ बने नए कानून के बारे में लोगों को जागरूक करना और सरकार के फैसलों के लिए जनता का धन्यवाद करना है।

शाम को मुख्यमंत्री सुनाम स्थित गुरुद्वारा मस्तुआणा साहिब भी जाएंगे। इसके बाद यात्रा कुछ समय के लिए संगरूर में रुकेगी और फिर वहां से श्री फतेहगढ़ साहिब के लिए रवाना होगी।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री भगवंत मान की यह ‘शुक्राना यात्रा’ 6 मई को श्री आनंदपुर साहिब से शुरू हुई थी और लगातार पंजाब के अलग-अलग इलाकों में निकाली जा रही है।

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Punjab में निर्धारित लोड से ज्यादा बिजली इस्तेमाल करने वालों पर PSPCL सख्त, लगेगा जुर्माना

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पंजाब में बढ़ती बिजली मांग के बीच पंजाब स्टेट पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (PSPCL) ने निर्धारित लोड से अधिक बिजली इस्तेमाल करने वाले उपभोक्ताओं के खिलाफ सख्ती करने के निर्देश जारी किए हैं। नए नियमों के अनुसार यदि कोई उपभोक्ता अपने स्वीकृत लोड से 10 प्रतिशत अधिक बिजली की खपत करता है, तो उसे 7 दिनों के भीतर नोटिस जारी किया जाएगा।

PSPCL के मुताबिक, तय सीमा से ज्यादा बिजली इस्तेमाल करने पर उपभोक्ताओं पर जुर्माना और अतिरिक्त शुल्क लगाया जाएगा। यदि कोई उपभोक्ता तीसरी बार भी नियमों का उल्लंघन करता पाया गया, तो उसके खिलाफ बिजली चोरी का मामला दर्ज करते हुए FIR भी दर्ज की जा सकती है।

कॉर्पोरेशन प्रबंधन ने अधिकारियों को भी सख्त निर्देश दिए हैं कि लगातार निर्धारित सीमा से अधिक बिजली इस्तेमाल करने वाले उपभोक्ताओं पर समय रहते कार्रवाई की जाए। यदि ऐसा नहीं किया गया तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

बिजली आपूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाने और राजस्व नुकसान रोकने के लिए PSPCL ने सप्लाई कोड 2024 में संशोधन किया है। इसके तहत सभी मुख्य अभियंताओं को नए नियमों को तत्काल प्रभाव से लागू करने के आदेश जारी किए गए हैं।

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बेअदबी कानून मामले में आज श्री अकाल तख्त साहिब के समक्ष पेश होंगे स्पीकर संधवां

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पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां आज श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय पहुंचकर जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज के सामने अपना स्पष्टीकरण पेश करेंगे। जानकारी के मुताबिक, वह सुबह 11 बजे श्री अकाल तख्त साहिब में हाजिरी भरेंगे। यह मामला आम आदमी पार्टी सरकार द्वारा बनाए गए नए बेअदबी विरोधी कानून को लेकर चर्चा में आया था, जिसके संबंध में जत्थेदार की ओर से स्पीकर संधवां को तलब किया गया था।

दरअसल, श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से इस कानून को तैयार करने की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए गए थे। जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज ने कहा था कि बेअदबी जैसे संवेदनशील और धार्मिक मामले पर कोई भी कानून बनाने से पहले पंथक संगठनों, सिख विद्वानों और पूरे पंथ की राय लेना जरूरी था।

उन्होंने यह भी कहा कि सिख मर्यादा और धार्मिक परंपराओं से जुड़े मामलों में श्री अकाल तख्त साहिब की भूमिका सर्वोच्च मानी जाती है और उसकी अनदेखी उचित नहीं है।

इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने कहा था कि श्री अकाल तख्त साहिब उनके लिए सर्वोच्च है। उन्होंने कहा कि यदि उन्हें आधिकारिक तौर पर बुलाया गया है तो वह पूरी श्रद्धा और सम्मान के साथ उपस्थित होकर अपना पक्ष रखेंगे।

अब राजनीतिक और पंथक हलकों की नजरें आज होने वाली इस अहम पेशी पर टिकी हुई हैं, क्योंकि यह मामला धार्मिक भावनाओं और कानूनी प्रक्रिया दोनों से जुड़ा हुआ माना जा रहा है।

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