Connect with us

Punjab

मनरेगा की जगह BJP के ‘काले कानून’ के खिलाफ ‘आप’ द्वारा बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन, मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद ने कहा! ग्रामीण रोज़ी-रोटी पर सीधा हमला है

Published

on

* वी बी-जी राम जी गरीब परिवारों से रोटी छीनेगा और गांवों को तबाह कर देगा: तरुनप्रीत सिंह सौंद

* पीक सीजन में काम देने से इनकार करके, भाजपा ने ग्रामीण भारत और मजदूरों के साथ धोखा किया है – तरुनप्रीत सिंह सौंद

* भाजपा के नए एक्ट के दलितों, महिलाओं और भूमिहीन मजदूरों को निशाना बनाते हुए ‘आप’ ने दिल्ली में सड़क पर लड़ाई का भी किया ऐलान

ग्रामीण विकास और पंचायत विभाग के कैबिनेट मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद ने बुधवार को सैकड़ों मजदूरों की अगुवाई में केंद्र सरकार द्वारा नए लागू किए गए विकसित भारत – रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) एक्ट, 2025 (वीबी-जी राम जी) के खिलाफ एक विशाल विरोध प्रदर्शन किया, जिसने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी एक्ट (मनरेगा) की जगह ले ली है।

इकट्ठ को संबोधित करते हुए, मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद, जिनके साथ ‘आप’ के अनुसूचित जाति विंग के प्रधान गुरप्रीत सिंह जी पी भी थे, ने वीबी-जी राम एक्ट को ‘काला, कठोर और गरीब विरोधी कानून’ करार दिया जो ग्रामीण अर्थव्यवस्था को तबाह कर देगा और समाज के सबसे कमजोर वर्गों के मुंह से रोटी छीन लेगा।

‘भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने यह काला कानून लाकर ग्रामीण भारत के साथ धोखा किया है। तरुनप्रीत सिंह सौंद ने स्पष्ट किया कि यह लाखों गरीब परिवारों की रोज़ी-रोटी पर सीधा हमला है जो जीवित रहने के लिए मनरेगा पर निर्भर हैं।’’ यह नया एक्ट कृषि के पीक सीजन के दौरान काम से वंचित रखेगा – बिल्कुल जब परिवारों को इसकी सबसे ज्यादा जरूरत होती है। यह विकास नहीं है; यह ग्रामीण गरीबों का विनाश है।’’

मंत्री ने उजागर किया कि अनुसूचित जाति समुदाय, महिलाएं और भूमिहीन मजदूर सबसे ज्यादा दुख झेलेंगे। ‘‘आप चुप नहीं रहेगी। हम इस लड़ाई को दिल्ली की सड़कों पर ले जाएंगे। तरुनप्रीत सिंह सौंद ने जोर देकर कहा कि हम भाजपा सरकार को हमारे मजदूरों की मेहनत से कमाए अधिकार छीनने की इजाजत नहीं देंगे।’’

गुरप्रीत सिंह जी पी ने मंत्री की भावनाओं की गूंज में कहा कि ‘आप’ पार्टी हर मजदूर के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है और केंद्र को इस गरीब विरोधी एक्ट को वापस लेने के लिए मजबूर करेगी।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Punjab

पंजाब की आप सरकार ने पूरे किए 4 साल, मुख्यमंत्री मान की घोषणा- पंचायतों को मिलेगा इनाम

Published

on

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की सरकार को राज्य में चार साल पूरे हो गए हैं. इसी उपलक्ष्य में वह ‘शानदार चार साल भगवंत मान दे नाल’ के तहत सरकार की उपलब्धियों का ब्यौरा साझा कर रहे हैं. आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान  मुख्यमंत्री मान ने हर विभाग की तरह ग्रामीण विकास और पंचायत विभाग के कार्यों का ‘रिपोर्ट कार्ड’ पेश किया. उन्होंने इस दौरान पंचायतों के लिए एक खास घोषणा भी की. 

 मुख्यमंत्री मान ने इस दौरान बताया कि पंजाब में कुल 13,236 पंचायतें हैं.  2024 में हुए पंचायत चुनावों के दौरान अधिकतर पंचायतों का गठन सर्वसम्मति से हुआ है. उन्होंने कहा कि साल 2018 में हुए चुनावों के दौरान 1,870 पंचायतें निर्विरोध चुनी गई थीं. वहीं, 2024 में यह संख्या बढ़कर 2,970 हो गईं. यह दर्शाता है कि 1,100 से अधिक गांवों ने मिलकर सर्वसम्मति पंचायत चुनी है.

पंचायतों के लिए की खास घोषणा

 मुख्यमंत्री मान ने बताया कि इससे स्पष्ट है कि गांवों में एकता और सामुदायिक सद्भाव बढ़ा है. इस दौरान उन्होंने ‘विशेष विकास अनुदान’ योजना की घोषणा के बारे में भी बताया. इस योजना के तहत उन पंचायतों को  ₹5 लाख का विशेष अनुदान दिया जाएगा जो निर्विरोध चुनी गई हैं. इसका उद्देश्य गांवों के बीच  एकता और सामुदायिक सद्भाव को बढ़ावा देना है. इससे न केवल चुनाव पर होने वाले खर्च में कमी आयेगी, बल्कि समय की भी बचत होगी. 

जन-जन तक पहुंचाना है सरकार की उपलब्धियां- मान

बता दें कि इससे पहले मुख्यमंत्री मान ने अपने शासन में राज्य में शिक्षा, स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में हुए कामों का चार साल का विस्तृत रिपोर्ट कार्ड पेश किया था.  उन्होंने इस दौरान पंजाब के सरकारी स्कूलों और उसके परिणामों को सराहा था. वास्तव में सरकार की योजना उसकी उपलब्धियों को हर गांव, गली और घर तक पहुंचाना है. बता दें कि पंजाब में आम आदमी पार्टी  2022 को सत्ता में आई थी और भगवंत मान ने मुख्यमंत्री की कमान संभाली थी.

Continue Reading

Punjab

पंजाब में आज फिर बिगड़ेगा मौसम, 12 जिलों में बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट

Published

on

Punjab और Chandigarh में मौसम का मिजाज बदल गया है। रातभर हल्की बारिश और गरज के साथ तापमान में गिरावट आई है, जिससे मौसम थोड़ा ठंडा हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार आज, 1 अप्रैल और 2 अप्रैल को कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं अगले 2-3 दिनों के लिए आंधी और गरज के साथ तूफान का अलर्ट जारी किया गया है।

आज पंजाब के 12 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि चंडीगढ़ में बादल छाए रहेंगे। अन्य जिलों में भी इसी तरह के हालात बने रहेंगे। खास तौर पर Pathankot, Gurdaspur, Amritsar, Hoshiarpur, Nawanshahr, Rupnagar, SAS Nagar (Mohali), Kapurthala, Jalandhar, Fatehgarh Sahib, Patiala और Tarn Taran में कुछ स्थानों पर बारिश होने की उम्मीद है।

मौसम विभाग के अनुसार राज्य में तापमान 2.2 डिग्री सेल्सियस बढ़ा है, जो सामान्य से 2.4 डिग्री अधिक है। Patiala सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 34.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

बताया जा रहा है कि मार्च महीने में पंजाब में सामान्य से 25% कम बारिश दर्ज की गई। इस दौरान राज्य में 16.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि औसत इससे अधिक रहता है।

Continue Reading

Punjab

CM मान बोले-ब्लैकमेलिंग के दम पर हड़ताल नहीं चलेगी: आढ़तियों से करेंगे मीटिंग, केंद्र सरकार के समक्ष पहले ही उठा चुके हैं मुद्दा

Published

on

पंजाब की मंडियों में आज से गेहूं की खरीद शुरू हो गई है, लेकिन आढ़ती हड़ताल पर चले गए हैं। उनका कहना है कि केंद्र सरकार ने कमीशन ढाई प्रतिशत पर फ्रीज किया है और इसे नियमित (रेगुलर) किया जाए। वहीं, आढ़तियों की कॉल के बाद पंजाब सरकार ने इस मुद्दे पर आढ़तियों के साथ बैठक करने का फैसला लिया है।

आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान विजय कालड़ा ने बताया कि सरकार ने उन्हें मीटिंग के लिए बुलाया है। वहीं, इस मामले में साफ ने किया कि ब्लैकमेलिंग के दम पर हड़ताल नहीं चलेगी। हालांकि उनकी हडताल केंद्र सरकार के खिलाफ है। हम उनसे मीटिंग करेंगे। उन्हें इस बारे में कहेंगे। उन्होंने कहा कि वह इस मामले को पहले ही केंद्र सरकार के समक्ष उठा चुके है।

आढ़तियों की यह है मांगें

आढ़तियों के मुताबिक 2020 तक आढ़तियों को 2.5% कमीशन MSP (न्यूनतम समर्थन मूल्य) पर मिलता था। गेहूं के MSP ₹2585 प्रति क्विंटल होने पर यह लगभग ₹65 प्रति क्विंटल बनता है। 2018-19 से कमीशन फिक्स्ड रेट पर है ।

पहले ₹46 प्रति क्विंटल था, हाल ही में केंद्र सरकार ने इसे बढ़ाकर ₹50.75 प्रति क्विंटल कर दिया। आढ़तियों का कहना है कि यह बहुत कम है और उनकी आय में भारी नुकसान हो रहा है (लगभग ₹170-192 करोड़ का अनुमानित घाटा इस सीजन में)।

कमीशन भी प्रतिशत आधार पर बढ़ाने की मांग

निजी साइलो या प्राइवेट खरीद में भी मंडी वाले बराबर कमीशन मिलना चाहिए। MSP बढ़ने के साथ कमीशन भी प्रतिशत आधार पर बढ़ाया जाए (APMC एक्ट 1961 के अनुसार 2.5% का प्रावधान)। आढ़ती एसोसिएशन (फेडरेशन ऑफ आढ़ती एसोसिएशन पंजाब) के प्रधान विजय कालरा और अन्य नेताओं ने कहा है कि जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, हड़ताल जारी रहेगी। लगभग 45,000 आढ़ती इस हड़ताल में शामिल होने वाले

Continue Reading

Trending