Connect with us

Haryana

हरियाणा-पंजाब के बीच पानी को लेकर तकरार: CM सैनी बोले- AAP दिल्ली हार का बदला ले रही, हमें पानी देना पड़ेगा।

Published

on

पंजाब द्वारा भाखड़ा नहर से पानी रोके जाने को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने शनिवार को चंडीगढ़ स्थित सीएम निवास में सर्वदलीय बैठक बुलाई। बैठक में कांग्रेस के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, जेजेपी नेता दुष्यंत चौटाला और इनेलो अध्यक्ष रामपाल माजरा सहित अन्य नेता शामिल हुए।

बैठक के बाद संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीएम सैनी ने कहा, “पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने संविधान की मर्यादाओं का उल्लंघन करते हुए हरियाणा के हिस्से का पानी रोका है। एक मुख्यमंत्री होकर उन्होंने असंवैधानिक कदम उठाया है। यह पानी सिर्फ हरियाणा का नहीं, बल्कि पूरे देश का है। लगता है दिल्ली में आम आदमी पार्टी की हार की नाराज़गी अब पानी के मुद्दे को तूल देकर निकाली जा रही है।”

भगवंत मान रिश्तेदार है, उन्हें पता होगा जब बेटी के घर बच्चा हो जाता है तो उसके घर खाना भी खा सकते पी भी सकते है। बता दें कि भगवंत मान की ससुराल हरियाणा के कुरुक्षेत्र में है। इससे पहले सीएम मान ने कहा था कि हरियाणा वाले अपनी बेटी के घर का पानी नहीं पीते, ये पूरी नहर मांग रहे।”

वहीं भूपेंद्र सिंह हुड्‌डा ने कहा, BBMB में हमें परमानेंट मेंबर की जरूरत है। ये हमारी कमी है। इसी कारण से समस्या उत्पन्न हुई। हमारी सरकार को जहां जरूरत पड़ेगी, हम साथ हैं। ये हमारे हक का पानी है, हम उसे ही मांग रहे हैं।”

CM नायब सैनी की 5 अहम बातें…

पानी बहकर पाकिस्तान जाता है

नायब सैनी ने कहा- 2016 से 2018 तक डैम का जल स्तर सबसे कम रहा। वहीं इस समय जल स्तर उन वर्षों से कहीं ज्यादा है। वर्ष 2019 में जल स्तर 1623 था, उस समय 0.553 MAF पानी ज्यादा हो गया था। उसे फेंकना पड़ा था। ये बहकर पाकिस्तान चला जाता है। इससे पहले 2015 और 2016 में भी पानी फेंकना पड़ा था। हमें लगभग 8500 क्यूसेक पानी मिलता रहा है। राज्यों की मांग हर 15 दिन में कम या ज्यादा होती है। इसे BBMB की टेक्निकल कमेटी तय करती है।

CM मान ने भरोसा दिया, फिर वीडियो जारी किया

26 अप्रैल को मैंने भगवंत मान को फोन पर बताया था कि BBMB की कमेटी ने पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान को पानी छोड़ने का फैसला लिया था। इसको लागू करने में पंजाब के अधिकारी आनाकानी कर रहे हैं। तब मान ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद पंजाब के अधिकारियों ने कुछ नहीं किया तो मैंने मान को दोबारा लेटर लिखा। हैरानी की बात है कि 48 घंटे तक मेरे लेटर का जवाब नहीं दिया। मान साहब ने अपनी राजनीति को ऊपर रखते हुए एक वीडियो जारी किया और बिना तथ्यों के जनता को गुमराह किया।

पंजाब ज्यादा पानी यूज कर रहा

नायब सैनी ने कहा- पंजाब हर साल अपने हिस्से से काफी ज्यादा पानी का उपयोग कर रहा है। SYL का निर्माण न होने के कारण भी हरियाणा पानी के अपने आवंटित हिस्से 3.5 MAF हिस्से में से केवल 1.62 MAF पानी का इस्तेमाल कर रहा है। मान सरकार केवल भ्रमित कर रही है। सस्ती राजनीतिक लोकप्रियता हासिल करने के लिए ऐसा किया जा रहा है। जो हमारा कृषि योग्य पानी है, आप उसे देने के बजाय पीने का पानी भी छीन रहे हैं। हरियाणा के काफी जिलों में पीने के पानी की समस्या आ रही है। हम इसे संभाल रहे हैं।

7 जिलों में पानी की कमी, 156 जलघर खाली

सैनी ने कहा- सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, कैथल, कुरुक्षेत्र, जींद और भिवानी 4931.9 करोड़ लीटर पेयजल चाहिए। मगर, यहां 764.8 करोड़ लीटर ही उपलब्ध है, जो मांग मात्रा से 15.5 प्रतिशत कम है। 614 जलघरों में से 156 जलघरों में पानी की एक बूंद भी नहीं है। 36 गांव में टैंकर से पानी भेजा जा रहा है। यहां ग्रामीण पूरी तरह भाखड़ा पर निर्भर हैं।

भगवंत मान टकराव की राह पर

नायब सैनी ने कहा- जल बंटवारे पर एक तरफा फैसले और केंद्र सरकार के निर्देशों की अवहेलना राज्यों के बीच सहयोग की भावना को कमजोर करता है। सबसे प्रमुख उदाहरण SYL नहर का है। सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा के पक्ष में फैसला दिया। इसके बाद भी मान सरकार सहयोग के बजाय टकराव की राह पर हैं। अब यही रुख BBMB को देखकर भी लग रहा है।

पानी विवाद से जुड़े 3 बड़े अपडेट्स…

हरियाणा के एडवोकेट रविंद्र सिंह ढुल ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका लगाकर नंगल स्थित भाखड़ा डैम से पुलिस फोर्स हटाने की मांग की है। एडवोकेट ने भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (BBMB) और केंद्र सरकार को पार्टी बनाया है।

हरियाणा सरकार सुप्रीम कोर्ट जाने का ऐलान कर चुकी है। इसके लिए दिल्ली में अधिकारियों से ड्राफ्ट तैयार कराया जा रहा है। उम्मीद है कि आज याचिका दायर की जाएगी।

BBMB भी शाम 5 बजे चंडीगढ़ में हरियाणा, पंजाब, हिमाचल और राजस्थान के अधिकारियों के साथ मीटिंग करने वाला है। इस मुद्दे पर शुक्रवार को दिल्ली में भी मुख्य सचिवों के बीच मीटिंग हुई थी, लेकिन कोई हल नहीं निकला।

पंजाब CM ने कहा- पानी के लिए कत्ल हो जाते हैं

जालंधर में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा पानी के लिए पंजाब में कत्ल हो जाया करते हैं। इसलिए पंजाब से एक भी बूंद किसी को पानी नहीं दिया जाएगा। मान ने कहा- BJP द्वारा एक चाल चलते हुए, पंजाब की सहमति के बिना BBMB के ज़रिए पंजाब के पानी पर डाका डालने की कोशिश की जा रही है। लेकिन हम इनकी इस ज़बरदस्ती को कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे। पंजाब के पानी पर सिर्फ पंजाबियों का हक है और हम एक-एक बूंद की रक्षा करेंगे।

हरियाणा के 9 जिलों में पानी का संकट हो रहा

सरकार से जुड़े सूत्रों का कहना है कि हरियाणा के 9 जिलों में पानी का संकट होने लगा है। अगर स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो दिल्ली और राजस्थान जाने वाले पानी में कटौती की जा सकती है। हरियाणा से ही दोनों राज्यों को पेयजल और सिंचाई के लिए पानी की आपूर्ति होती है।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Haryana

अब शादी के लिए मजबूर नहीं कर सकते माता-पिता, पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का बड़ा फैसला

Published

on

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने व्यक्तिगत स्वतंत्रता और अपनी पसंद से विवाह करने के अधिकार को लेकर एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि कोई भी माता-पिता या रिश्तेदार किसी बालिग व्यक्ति को उसकी इच्छा के विरुद्ध शादी करने के लिए मजबूर नहीं कर सकते।

जस्टिस दीपक गुप्ता ने एक एमबीए छात्रा की याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि शादी करना है या नहीं, कब करनी है और किससे करनी है, यह पूरी तरह से व्यक्ति का निजी निर्णय है। यह अधिकार भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत प्रदत्त जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के अधिकार का हिस्सा है।

याचिकाकर्ता ने अदालत को बताया कि वह नौकरी और उच्च शिक्षा के कारण स्वतंत्र रूप से रह रही है, लेकिन उसके माता-पिता, मामा और अन्य रिश्तेदार उस पर अपनी पसंद के व्यक्ति से विवाह करने का लगातार दबाव बना रहे हैं।

अदालत ने कहा कि विवाह किसी व्यक्ति के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण निजी निर्णय होता है और इस मामले में किसी भी प्रकार का बाहरी दबाव या जबरदस्ती स्वीकार नहीं की जा सकती। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि किसी भी व्यक्ति को उसकी इच्छा के खिलाफ विवाह के बंधन में नहीं बांधा जा सकता।

हाईकोर्ट ने यह भी कहा कि ऐसे मामलों में राज्य की जिम्मेदारी है कि वह नागरिकों के जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता की सुरक्षा सुनिश्चित करे।

मामले का निपटारा करते हुए अदालत ने मोहाली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) या उनके द्वारा अधिकृत अधिकारी को छात्रा की शिकायत पर विचार करने, खतरे का आकलन करने और यदि उसकी जान या स्वतंत्रता को वास्तविक खतरा हो तो तत्काल सुरक्षा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।

इस फैसले को बालिग व्यक्तियों के अपनी पसंद से जीवनसाथी चुनने और स्वतंत्र रूप से जीवन जीने के संवैधानिक अधिकार को मजबूत करने वाला महत्वपूर्ण निर्णय माना जा रहा है।

Continue Reading

Haryana

भीषण गर्मी के चलते हरियाणा में स्कूल बंद, छुट्टियों का ऐलान

Published

on

हरियाणा के स्कूली बच्चों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। प्रदेश में पड़ रही भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान को देखते हुए हरियाणा सरकार ने गर्मियों की छुट्टियों का ऐलान कर दिया है। मुख्यमंत्री द्वारा शिक्षा विभाग के साथ बैठक करने के बाद यह फैसला लिया गया।

अब हरियाणा के सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में 25 मई से 30 जून तक गर्मियों की छुट्टियां रहेंगी। पहले ये छुट्टियां 1 जून से शुरू होनी थीं, लेकिन मौसम विभाग द्वारा जारी हीटवेव और लू के अलर्ट के बाद सरकार ने छुट्टियां एक सप्ताह पहले करने का निर्णय लिया है।

मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ सकता है तथा कई इलाकों में लू चलने की संभावना है। इसे ध्यान में रखते हुए बच्चों की सेहत और सुरक्षा के लिए यह अहम कदम उठाया गया है। शिक्षा मंत्री और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ चर्चा के बाद मुख्यमंत्री सैनी ने छुट्टियों के फैसले को मंजूरी दी।

गौरतलब है कि इससे पहले चंडीगढ़ प्रशासन ने भी बढ़ती गर्मी को देखते हुए सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में छुट्टियों का ऐलान किया था। अब हरियाणा सरकार ने भी इसी तरह का फैसला लेते हुए विद्यार्थियों को गर्मी से राहत दी है।

वहीं अभिभावकों ने भी सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है, क्योंकि पिछले कुछ दिनों से पड़ रही तेज गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी। दोपहर के समय तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण बच्चों की सेहत पर बुरा असर पड़ने का खतरा बढ़ गया था।

Continue Reading

Haryana

हरियाणा CM नायब सैनी का दावा: बंगाल में भाजपा का एकतरफा माहौल, पंजाब में भी खिलेगा कमल

Published

on

भाजपा के प्रमुख स्टार प्रचारकों में शामिल हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का मानना है कि बंगाल चुनाव में पार्टी के पक्ष में एकतरफा माहौल है। दीदी जा रही हैं। जनता ने कमल खिलाने का मन बना लिया है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में किए जा रहे विकास कार्यों की चर्चा बंगाल में हर तरफ हो रही है। केंद सरकार की कल्याणकारी नीतियों को लोग पसंद कर रहे हैं। बंगाल के बाद पंजाब का नंबर है। वहां के लोगों ने भी कमल खिलाने का मन बना लिया है।

पहली बार गुरुग्राम में हुई कैबिनेट बैठक

बुधवार को हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक की अध्यक्षता करने के लिए साइबर सिटी पहुंचे मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राजनीतिक विषयों पर किए गए सवालों के जवाब में कहा कि बंगाल का माहौल पूरी तरह बदला हुआ है। वहां की सरकार को लोगों ने पूरी तरह उखाड़ फेंकने का मन बना रखा है। जहां तक पंजाब का सवाल है तो वहां के काफी लोग उनसे मिलने आते रहते हैं।

कुछ दिन पहले भी काफी लोग मिलने पहुंचे थे। सभी वहां की सरकार से परेशान हैं। सभी चाहते हैं कि जल्द से जल्द पंजाब में कमल खिले। नारी शक्ति वंदन अधिनियम का विरोध कर विपक्ष ने देश की आधी आबादी को नाराज कर दिया है। कई देशों की जितनी आबादी नहीं है, उससे अधिक महिलाएं अपने देश में है।

इसके बाद भी उन्हें उनके अधिकारों से वंचित करने का प्रयास विपक्ष ने किया है। चुनावों में देश की जनता जवाब देगी। बंगाल या पंजाब ही नहीं बल्कि जहां पर भी चुनाव होंगे वहां महिलाएं विपक्ष को माफ नहीं करेंगी।

Continue Reading

Trending