Punjab
Mohali में पानी बर्बाद किया तो बिना नोटिस कटेगा कनेक्शन: हाउस की मीटिंग में आएगा एजेंडा, पांच हजार जुर्माना व हलफनामा देकर होगा बहाल
गर्मियां शुरू होने वाली हैं, ऐसे में पानी की बर्बादी रोकने के लिए नगर निगम सख्त हो गया है। नगर निगम ने इसके लिए रणनीति बनाई है कि पानी बर्बाद करने वालों के सीधे कनेक्शन काटे जाएंगे। वहीं, दोबारा कनेक्शन की बहाली उसी शर्त पर होगी, जब वह यह हलफनामा देगा कि आगे से पानी बर्बाद नहीं करेगा। साथ ही पांच हजार रुपये का जुर्माना भी भरेगा। इस संबंध में आज हाउस की मीटिंग में एजेंडा आएगा। यह इस कार्यकाल की नगर निगम की आखिरी बैठक है। वहीं, इस दौरान कई अन्य टेबल एजेंडे के रूप में लाए जाएंगे।
पानी की बर्बादी रोकने के लिए छह चीजों का पालन करें
आंगन और बगीचे में पानी डालना:
पाइप लगाकर घर के आंगन या बगीचे में पानी डालना मना है।
गाड़ियों की धुलाई:
पाइप से कार, स्कूटर या अन्य वाहन धोना प्रतिबंधित है।
सड़क और बरामदे की सफाई:
घर के सामने की सड़क, बरामदे या बालकनी को पाइप से धोना मना है।
टुल्लू पंप का इस्तेमाल:
मुख्य पानी की लाइन से सीधे टुल्लू पंप या बूस्टर लगाकर पानी खींचना सख्त मना है।
पाइप में लीकेज:
घर की सीमा के भीतर 3 मीटर तक की पाइप लाइन में किसी भी तरह का लीकेज नहीं होना चाहिए।
टंकी और कूलर में पानी भरना:
छत पर रखी टंकी या डेजर्ट कूलर में सीधे पाइप लगाकर पानी भरना और उन्हें ओवरफ्लो होने देना मना है।
अब जुर्माने की शर्त को चार प्वाइंटों में जानिए
1. पहली बार उल्लंघन
नियम तोड़ने पर पहली बार ₹1000 का जुर्माना लगाया जाएगा। यह चेतावनी के रूप में माना जाएगा।
2. दूसरी बार उल्लंघन
दूसरी बार नियम तोड़ने पर ₹2000 का जुर्माना लगेगा। यह राशि पानी के बिल में जोड़कर भेजी जाएगी।
3. तीसरी बार उल्लंघन
तीसरी बार उल्लंघन करने पर बिना किसी नोटिस के पानी का कनेक्शन काट दिया जाएगा। दोबारा कनेक्शन जुड़वाने के लिए अतिरिक्त कार्रवाई करनी होगी।
4. कनेक्शन दोबारा बहाल करना
कटा हुआ कनेक्शन फिर से जोड़ने के लिए ₹5000 का जुर्माना भरना होगा। साथ ही, भविष्य में पानी की बर्बादी न करने का लिखित हलफनामा देना होगा।
इन एरिया पर यह नियम लागू होंगे
मोहाली के फेज 1 से लेकर फेज 11, सेक्टर 70, 71, 48C और सेक्टर 66 से 69 तक के क्षेत्र, सेक्टर 65E और सेक्टर 76 से 80 में भी ये नियम लागू रहेंगे। इसी तरह इंडस्ट्रियल एरिया फेज 1 से 5, फेज 6, फेज 8, 8B और फेज 9 को भी शामिल किया गया है। निगम के अधीन आते गांव मटौर, शाही माजरा, मदनपुरा, सोहाना, कुंबड़ा और मोहाली गांव भी इस दायरे में आते हैं।
शनिवार से लगेगा एडमिनिस्ट्रेटर रूल
नगर निगम मोहाली का 5 वर्ष का कार्यकाल पूरा हो गया है। सरकार की ओर से गवर्नर रूल (एडमिनिस्ट्रेटर रूल) लगाने का ऐलान कर दिया गया है। जब तक निगम के चुनाव नहीं होते, तब तक निगम आयुक्त कार्यकाल संभालेंगे। इस कारण यह हाउस की आखिरी बैठक है। बैठक में कुछ टेबल एजेंडे भी पास किए जा सकते हैं।
लुधियाना के क्लर्क को लाया जाएगा मोहाली
नगर निगम की बैठक में एक एजेंडा यह भी लाया जा रहा है, जिसमें लुधियाना नगर निगम में क्लर्क के पद पर कार्यरत लखबीर सिंह के तबादले को मोहाली में मंजूरी देने की मांग की जाएगी। यह तबादला उनके स्वास्थ्य कारणों से किया जा रहा है।
कूड़े के मुद्दे पर हंगामे की संभावना
नगर निगम का 5 वर्ष का कार्यकाल खत्म होने के बावजूद डंपिंग ग्राउंड के लिए अभी तक कोई जगह शुरू नहीं हो पाई है। इस मुद्दे को लेकर पार्षद हर बैठक में सवाल उठाते रहे हैं। इस आखिरी बैठक में भी विपक्षी पार्षद इस मुद्दे पर हंगामा कर सकते हैं।
मेयर की ओर से विधायक कुलवंत सिंह पर मोहाली के विकास को लेकर राजनीति करने के आरोप लगाए जाते रहे हैं। ऐसे में इस बैठक में हंगामा होना तय माना जा रहा हैं।
Punjab
योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां, CM भगवंत मान ने नियमित कर्मचारियों को सौंपे नियुक्ति पत्र
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य में अब सरकारी नौकरियां सिफारिश या रिश्वत के आधार पर नहीं, बल्कि पूरी तरह योग्यता और पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दी जा रही हैं। उन्होंने यह बात मोहाली के सेक्टर-62 स्थित विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कही, जहां वन एवं वन्यजीव संरक्षण विभाग के नियमित (रेगुलर) किए गए कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने सरकारी भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाया है। सरकार के कार्यकाल में दी गई हर सरकारी नौकरी केवल मेरिट के आधार पर दी गई है और इसमें किसी भी तरह की सिफारिश, भ्रष्टाचार या राजनीतिक हस्तक्षेप की कोई जगह नहीं है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना और सरकारी भर्ती प्रक्रिया पर लोगों का विश्वास मजबूत करना है। मुख्यमंत्री के अनुसार, ईमानदारी और योग्यता के आधार पर मिलने वाली नौकरियां ही युवाओं का भविष्य सुरक्षित कर सकती हैं।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने नियमित किए गए कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि पंजाब सरकार हमेशा कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रहेगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण और आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराती रहेगी।
इस कार्यक्रम में स्थानीय प्रशासन और वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
Punjab
पंजाब में निजी स्कूलों की मनमानी पर लगाम, अब 5% से ज्यादा फीस नहीं बढ़ा सकेंगे
पंजाब में निजी स्कूलों की मनमानी फीस बढ़ोतरी पर रोक लगाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने ‘पंजाब रेगुलेशन ऑफ फीस ऑफ अनएडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (संशोधन) अध्यादेश, 2026’ को मंजूरी दे दी है। इसके बाद राज्य के निजी स्कूल अब सालाना 5 प्रतिशत से अधिक फीस नहीं बढ़ा सकेंगे।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस फैसले की जानकारी अपने आधिकारिक X अकाउंट के जरिए साझा की। उन्होंने राज्यपाल का आभार जताते हुए कहा कि यह निर्णय पंजाब के लाखों छात्रों और उनके अभिभावकों के हित में लिया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अध्यादेश लागू होने के बाद कोई भी निजी स्कूल मनमाने ढंग से 5 प्रतिशत से अधिक फीस नहीं बढ़ा सकेगा। सरकार का उद्देश्य निजी स्कूलों की मनमानी पर रोक लगाना और अभिभावकों पर पड़ने वाले अतिरिक्त आर्थिक बोझ को कम करना है।
भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार शिक्षा को कारोबार नहीं बनने देगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पंजाब सरकार हर बच्चे को किफायती और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने तथा आम लोगों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
Punjab
श्री आनंदपुर साहिब की टेंट सिटी में भीषण आग, दर्जनभर केबिन जलकर राख, बड़ा हादसा टला
पंजाब के श्री आनंदपुर साहिब के समीप स्थित गांव अगमपुर में श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बनाई गई टेंट सिटी में सोमवार सुबह भीषण आग लग गई। आग की चपेट में आकर करीब एक दर्जन केबिन पूरी तरह जलकर राख हो गए। हालांकि राहत की बात यह रही कि घटना के समय सभी केबिन खाली थे, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
जानकारी के अनुसार, बारिश थमने के कुछ समय बाद अचानक टेंट सिटी के केबिन ब्लॉक में आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग तेजी से फैल गई और कई केबिन इसकी चपेट में आ गए। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
बताया जा रहा है कि यह टेंट सिटी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत श्री आनंदपुर साहिब आने वाले श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए बनाई गई है। यहां एयर कंडीशन और वाटरप्रूफ टेंट के साथ रहने, पेयजल और अन्य बुनियादी सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।
फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। संबंधित विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार आग से लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
-
Religious3 years agoकब है तुलसी विवाह? इस दिन तुलसी माता का विवाह करने से मिलेगा लाभ
-
Religious3 years agoजानिए गोवर्धन पूजा का महत्व, कौनसा समय रहेगा पूजा के लिए सही
-
Religious3 years agoआखिर क्यों लिखा जाता है घर के बाहर शुभ लाभ, जानिए क्या है इन चिह्न का मतलब
-
Religious3 years agoपैरों के निशान, बनावट, रंग, साइज से पता लागए की आप कितने है भागयशाली
-
Chandigarh2 years agoChandigarh: Top 10 Restaurants. ये लोकप्रिय क्यों हैं ?
-
Punjab2 years agoपंजाब में अमरूद के बगीचे के मुआवजे के घोटाले में ED ने 26 स्थानों पर छापे मारे
-
Religious3 years agoजानिए दीपावली में वाले दिन आखिर कितने जलाने चाहिए दीये ? और क्यों जलाने चाहिए दिये |
-
Punjab2 years agoLudhiana में पुलिस स्टेशन के पास शव मिला। एक आदमी सड़क के बीच में पड़ा था; पास में कपड़ों से भरा एक बोरे भी मिला था, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो सकी