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पंजाब के हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र में 200 करोड़ रुपये के टर्नओवर छिपाने का खुलासा, डेटा-आधारित जांच के माध्यम से कार्रवाई तेज: हरपाल सिंह चीमा

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पंजाब के वित्त, योजना, आबकारी और कर मंत्री एडवोकेट हरपाल सिंह चीमा ने आज यहां पंजाब के हॉस्पिटैलिटी (खाद्य एवं पेय व्यवसाय) क्षेत्र में 200 करोड़ रुपये के टर्नओवर छिपाने के एक बड़े रैकेट का खुलासा करते हुए ढाबों, खाने-पीने के स्थानों, रेस्टोरेंट्स और फास्ट-फूड आउटलेट्स में गहरी जड़ें जमा चुकी और व्यवस्थित तरीके से आय कम दिखाने की प्रवृत्ति का पर्दाफाश किया। वित्त मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने सार्वजनिक राजस्व की सुरक्षा के लिए तकनीक-आधारित सख्त कार्रवाई शुरू की, जिसके तहत 882 संस्थानों को जांच के घेरे में लिया गया और अब तक 2.02 करोड़ रुपये की वसूली की जा चुकी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच का दायरा तेजी से बढ़ रहा है और अधिक डेटा के विश्लेषण से टर्नओवर छिपाने का यह मामला लगभग 500 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।

इस बात का उल्लेख करते हुए कि मोहाली, जालंधर और लुधियाना जैसे प्रमुख शहरी केंद्र टैक्स चोरी के मुख्य गढ़ के रूप में उभरे हैं, वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने जोर देकर कहा कि अधिक नकदी और हाइब्रिड भुगतान (नकद और डिजिटल दोनों) वाले क्षेत्र इस धोखाधड़ी के केंद्र में हैं। उन्होंने कहा कि एडवांस्ड डेटा एनालिटिक्स, टैक्स इंटेलिजेंस यूनिट और स्टेट इंटेलिजेंस एवं प्रिवेंटिव यूनिट (सिपू) से प्राप्त जानकारी तथा ‘बिल लाओ, इनाम पाओ’ योजना की सफलता के आधार पर आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने कार्रवाई तेज कर दी है। उन्होंने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि राज्य के राजस्व की सुरक्षा के लिए तकनीक का पूरा उपयोग सुनिश्चित करते हुए हर उल्लंघन करने वाले के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

पंजाब भवन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “होटल, ढाबे, खाने-पीने के स्थान, बेकरी, मिठाई की दुकानें, रेस्टोरेंट्स, कैटरिंग सेवाएं और ऐसे अन्य संस्थानों को कवर करने वाले एक व्यापक, राज्य स्तरीय और डेटा-आधारित अभियान के माध्यम से हमने वित्त वर्ष 2025-26 से संबंधित कुल 882 संस्थानों की पहचान की है।”

वित्त मंत्री ने आगे कहा, “अधिक विश्लेषण और वित्त वर्ष 2023-24 तथा 2024-25 से संबंधित डेटा को शामिल करने के साथ टर्नओवर छिपाने का कुल आकार लगभग 500 करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है।”

चल रही जांच के परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “अब तक की गई प्रारंभिक जांच में 239 मामलों की जांच की गई है, जिसके परिणामस्वरूप लगभग 50 करोड़ रुपये के टर्नओवर छिपाने का पता चला है।” उन्होंने आगे कहा, “इसमें 5 प्रतिशत की दर से 2.54 करोड़ रुपये का टैक्स शामिल है और हमारे विभाग ने अब तक 2.02 करोड़ रुपये की वसूली सुनिश्चित की है, जबकि शेष वसूली की प्रक्रिया जारी है।”

इन अनियमितताओं के स्तर को उजागर करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “हमने 3 करदाताओं द्वारा 2 करोड़ रुपये से अधिक, 6 द्वारा 1 करोड़ रुपये से अधिक, 18 द्वारा 50 लाख रुपये से अधिक, 26 करदाताओं द्वारा 25 लाख रुपये से अधिक और 91 करदाताओं द्वारा 5 लाख रुपये से अधिक का टर्नओवर छिपाने का पता लगाया है।”

क्षेत्र-विशेष रुझानों के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा, “हमारे आगे के विश्लेषण से यह सामने आया है कि अधिक नकदी और हाइब्रिड भुगतान वाले क्षेत्रों में व्यवस्थित रूप से आय कम दिखाने का पैटर्न मौजूद है।” उन्होंने आगे कहा, “आय छिपाने में ढाबों का हिस्सा लगभग 10 करोड़ रुपये है, इसके बाद छोटे खाने-पीने के स्थानों, कॉफी और चाय बार का हिस्सा लगभग 8 करोड़ रुपये और पिज्जा एवं फास्ट-फूड आउटलेट्स का हिस्सा 6 करोड़ रुपये से अधिक है।”

जिलावार विवरण देते हुए वित्त मंत्री ने कहा, “मोहाली में सबसे अधिक 8.16 करोड़ रुपये के टर्नओवर छिपाने का मामला सामने आया है, इसके बाद जालंधर में 6.72 करोड़ रुपये और लुधियाना में 5.48 करोड़ रुपये सामने आए हैं, जो कि पकड़ी गई टैक्स चोरी में मुख्य योगदान देने वाले जिले हैं।” उन्होंने आगे कहा कि पटियाला और अमृतसर में तुलनात्मक रूप से कम अनियमितताएं सामने आई हैं, जिनमें क्रमशः 3.83 करोड़ रुपये और 0.99 करोड़ रुपये की चोरी पकड़ी गई है।

इस कार्रवाई के पीछे अपनाई गई कार्यप्रणाली की व्याख्या करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “स्टेट इन्वेस्टिगेशन एंड प्रिवेंटिव यूनिट द्वारा व्यावसायिक डेटा की गहन जांच के दौरान यह पाया गया कि ऐसे संस्थानों की बड़ी संख्या ऑनलाइन बिलिंग एप्लिकेशन का उपयोग कर रही थी।” उन्होंने आगे कहा, “मैं टैक्स इंटेलिजेंस यूनिट, स्टेट इन्वेस्टिगेशन एंड प्रिवेंटिव यूनिट तथा हमारी ‘बिल लाओ, इनाम पाओ’ योजना की शानदार सफलता को इस बड़े स्तर की टैक्स चोरी पकड़ने का पूरा श्रेय देता हूं।”

उन्होंने आगे विस्तार से कहा, “जोखिम मानकों, डेटा एनालिटिक्स और जीएसटी रिटर्न के साथ तुलनात्मक विश्लेषण के आधार पर हमने टर्नओवर छिपाने की संभावित घटनाओं की पहचान की। हमने संबंधित ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स को लेन-देन का विस्तृत डेटा प्रदान करने के निर्देश दिए, जिसका उपयोग अब फील्ड टीमें जमीनी जांच और रिटर्न के मिलान के लिए कर रही हैं।”

संतुलित कार्रवाई पर जोर देते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “यह ध्यान देने योग्य है कि 52 संस्थानों में कोई अनियमितता नहीं पाई गई, जो डेटा-आधारित चयन पर आधारित संतुलित प्रवर्तन और जांच को दर्शाता है।”

आगे की कार्रवाई की रूपरेखा बताते हुए उन्होंने कहा, “शेष मामलों की सक्रिय रूप से जांच और गहन पड़ताल की जा रही है और उम्मीद है कि जांच एवं वसूली की पूरी प्रक्रिया एक महीने के भीतर पूरी कर ली जाएगी।” उन्होंने आगे कहा, “जांच को और मजबूत करने के लिए विभाग यूपीआई लेन-देन और अन्य डिजिटल भुगतान के रिकॉर्ड प्राप्त करने की प्रक्रिया में है, जिससे रिपोर्ट किए गए टर्नओवर और वास्तविक प्राप्तियों के बीच गहन मिलान संभव होगा और टैक्स चोरी पकड़ने की सटीकता बढ़ेगी।”

उल्लंघन करने वालों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा, “भगवंत मान सरकार कर अनुपालन सुनिश्चित करने और राज्य के राजस्व की सुरक्षा के लिए तकनीक, डेटा एनालिटिक्स और समन्वित फील्ड प्रवर्तन का पूरा उपयोग करने के लिए प्रतिबद्ध है।”

 उन्होंने जोर देकर कहा, “कर चोरी के सभी मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी, जबकि कर नियमों का पालन करने वाले करदाताओं को सुविधाएं मिलती रहेंगी।”

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पंजाब पुलिस की कार्रवाई की लोगों ने सराहना, उद्योग और निवेश के लिए बना सुरक्षित माहौल: DGP गौरव यादव

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पंजाब पुलिस राज्य में सुरक्षित और अपराधमुक्त माहौल बनाने के लिए लगातार आधुनिक तकनीक, सामुदायिक पुलिसिंग और जनसंवाद को मजबूत कर रही है। इसी का परिणाम है कि राज्य की औद्योगिक राजधानी लुधियाना में उद्योगपति और आम नागरिक खुलकर पंजाब पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना कर रहे हैं।

डीजीपी गौरव यादव के नेतृत्व में पंजाब पुलिस द्वारा चलाए जा रहे अभियानों ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत किया है। अपराधियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई, लोगों के साथ लगातार संपर्क और तकनीक आधारित पुलिसिंग के कारण राज्य में सुरक्षा का माहौल बेहतर हुआ है।

लुधियाना के उद्योगपति अनमोल सूद ने कहा कि पंजाब पुलिस ने कारोबारी वर्ग को सुरक्षा का मजबूत एहसास दिलाया है। उन्होंने बताया कि एक बार कुछ असामाजिक तत्व उनकी जमीन पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने कुछ ही मिनटों में कार्रवाई कर स्थिति को नियंत्रित कर लिया। उन्होंने कहा कि लुधियाना में सामुदायिक पुलिसिंग के सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं।

उद्योगपति संचित सूद ने कहा कि राज्य में आपराधिक गतिविधियों में कमी आने से लोगों का कानून-व्यवस्था पर भरोसा बढ़ा है। उन्होंने कहा कि फिरौती के फोन जैसी घटनाएं अब काफी कम सुनने को मिलती हैं और यह पुलिस द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियानों का नतीजा है।

डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि पंजाब पुलिस राज्य और नागरिकों की सुरक्षा के लिए 24 घंटे समर्पित है। उन्होंने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लेकर जनसंवाद कार्यक्रमों तक कई आधुनिक पहलें शुरू की गई हैं, ताकि हर नागरिक तक पहुंच बनाकर सुरक्षा की भावना को मजबूत किया जा सके।

पंजाब में बढ़ते निवेश को कानून-व्यवस्था में सुधार का बड़ा संकेत माना जा रहा है। पिछले एक वर्ष में राज्य में करीब 57 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव आए हैं। सरकार का मानना है कि सुरक्षित माहौल और बेहतर पुलिसिंग ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई है।

मुख्यमंत्री Bhagwant Mann भी राज्य में निवेश आकर्षित करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। हाल ही में विदेश दौरे के दौरान उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर वैश्विक कंपनियों से चर्चा की। वहीं राजपुरा क्षेत्र में एक नई ग्रीन सीमेंट यूनिट स्थापित करने के लिए 250 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा भी की गई है।

सुभाष चंद्र रल्हाण ने कहा कि पंजाब पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया ने कारोबारियों और नागरिकों में सुरक्षा का विश्वास बढ़ाया है। उन्होंने बताया कि अतिरिक्त सुरक्षा की मांग पर पुलिस ने बहुत कम समय में कार्रवाई कर समस्या का समाधान किया।

करीब चार दशक से लुधियाना में कारोबार कर रहे उद्योगपति अरुण शर्मा ने कहा कि वर्तमान पुलिसिंग व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक प्रभावी और जनहितैषी बनी है। अब लोगों में पुलिस के पास जाने का डर कम हुआ है और समस्याओं का समाधान भी तेजी से हो रहा है।

तकनीक आधारित पुलिसिंग को मजबूत करने के लिए पंजाब पुलिस ने लुधियाना में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) भी शुरू किया है। इस केंद्र के जरिए ट्रैफिक प्रबंधन, निगरानी व्यवस्था और पुलिस कंट्रोल रूम संचालन को एक ही प्लेटफॉर्म से संचालित किया जा रहा है, जिससे प्रतिक्रिया समय और जांच क्षमता में सुधार हुआ है।

स्वपन शर्मा ने कहा कि पंजाब पुलिस नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और जनभागीदारी बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि पुलिस स्कूलों, व्यापारिक संगठनों, डॉक्टरों, सामाजिक संस्थाओं और विभिन्न वर्गों के लोगों के साथ नियमित बैठकें कर रही है, ताकि उनकी समस्याओं को समझकर उनका समाधान किया जा सके।

संगठित अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे “ऑपरेशन गैंगस्टरों पर वार” अभियान का जिक्र करते हुए स्वपन शर्मा ने कहा कि पंजाब पुलिस लगातार अपराधी नेटवर्क पर कार्रवाई कर रही है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अपराध के रास्ते से दूर रहकर शिक्षा और अपने भविष्य पर ध्यान दें।

पंजाब पुलिस का कहना है कि आधुनिक तकनीक, सामुदायिक पुलिसिंग और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के जरिए राज्य को सुरक्षित, निवेश-अनुकूल और विकासोन्मुख बनाने के प्रयास लगातार जारी रहेंगे।

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कपूरथला में श्री गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व को समर्पित महान कीर्तन कार्यक्रम

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पंजाब सरकार द्वारा आज कपूरथला के गुरु नानक स्टेडियम में श्री गुरु रविदास महाराज जी के 650वें प्रकाश पर्व को समर्पित एक बड़ा कीर्तन कार्यक्रम बड़ी श्रद्धा और उत्साह के साथ आयोजित किया गया। संतों और महापुरुषों की देखरेख में आयोजित होने वाले सालाना कार्यक्रमों की लड़ी में यह तीसरा बड़ा कीर्तन दरबार था, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने शामिल होकर गुरबानी कीर्तन सुना।

राज्यसभा सदस्य संत बाबा बलबीर सिंह सीचेवाल ने खास तौर पर शामिल होकर पंजाब सरकार की इस पहल की तारीफ़ की और कहा कि श्री गुरु रविदास महाराज जी की अनमोल शिक्षाओं और पवित्र बाणी को घर-घर तक पहुंचाने के लिए यह बहुत ही सराहनीय कदम है। उन्होंने भक्तों को गुरु साहिब के दिखाए रास्ते पर चलने का न्यौता दिया।

पंजाब के कैबिनेट मंत्री श्री मोहिंदर भगत ने कहा कि हम सब बहुत खुशकिस्मत हैं कि हमें इतिहास के इस महान दौर का हिस्सा बनने का मौका मिला है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और आम आदमी पार्टी सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने संगत की भावनाओं को समझते हुए गुरु साहिब के 650वें प्रकाश पर्व को पूरे साल मनाने का फैसला किया है।

मंत्री ने प्रण लिया कि सरकार का कर्तव्य सामाजिक और धार्मिक कामों में सहयोग करना है और गुरु साहिब के पवित्र शब्दों का प्रचार पंजाब की हर गली, मोहल्ले और घर-घर तक पहुंचाया जाएगा।

टूरिज्म विभाग के सलाहकार दीपक बाली ने कहा कि श्री गुरु रविदास महाराज जी ने उस समय की जाति व्यवस्था और सामाजिक असमानता के खिलाफ आवाज उठाई थी और सामाजिक समानता का संदेश दिया था। उन्होंने कहा कि फरवरी 2026 से शुरू हुआ यह आयोजन फरवरी 2027 तक चलेगा, जिस दौरान 10 बड़े कीर्तन दरबार करवाए जाएंगे।

उन्होंने ऐलान किया कि जल्द ही काशी, बठिंडा, फरीदकोट और जम्मू से शुरू होकर श्री खुरालगढ़ साहिब में खत्म होने वाली चार खास शोभायात्राएं निकाली जाएंगी। इसके अलावा, सभी विधानसभाओं में ड्रोन शो किए जाएंगे और गुरु साहिब के जीवन पर आधारित एक खास फिल्म गांव-गांव दिखाई जाएगी।

इस मौके पर दिल्ली से आम आदमी पार्टी के विधायक अजय दत्त, डिप्टी कमिश्नर आकाश बंसल, डिस्ट्रिक्ट प्लानिंग बोर्ड के चेयरमैन सरबजीत सिंह लुबाना, हलका इंचार्ज करमबीर सिंह चांदी, भुलत्थ से हलका इंचार्ज हरसिमरन सिंह घुम्मण, नगर सुधार ट्रस्ट के चेयरमैन सज्जन सिंह चीमा, ट्रेड कमीशन के चेयरमैन कंवर इकबाल सिंह, इंदरजीत जुगनू, आप नेता परविंदर सिंह और दूसरे बड़े लोग मौजूद थे।

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भगवंत मान सरकार की ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ ने मास्टरशेफ इंडिया की प्रतियोगी हरमनप्रीत कौर को वर्षों पुरानी बीमारी और बढ़ते इलाज खर्चों से राहत दिलाई

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भगवंत मान सरकार की ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ ने पटियाला की 51 वर्षीय उद्यमी तथा मास्टरशेफ इंडिया सीजन-6 की टॉप-20 प्रतियोगियों में स्थान बनाने वाली हरमनप्रीत कौर को बड़ी राहत प्रदान की है। हरमनप्रीत पिछले लगभग एक दशक से ब्रेन हैमरेज से जुड़ी जटिलताओं, जैसे कि क्रोनिक ब्लीडिंग, डायबिटीज और सोरायसिस सहित कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही थीं।

करीब दो वर्षों से मासिक धर्म के दौरान अत्यधिक रक्तस्राव की समस्या से पीड़ित हरमनप्रीत को 30 अप्रैल 2026 को राजिंदरा अस्पताल में भर्ती कराया गया था। 2 मई को उनका सफल लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन किया गया। हरमनप्रीत ने कहा कि मुख्यमंत्री सेहत योजना ने न केवल उनके इलाज का आर्थिक बोझ कम किया, बल्कि उसे समय पर गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध कराईं।

हरमनप्रीत की स्वास्थ्य समस्याएं वर्ष 2011 में हुए ब्रेन हैमरेज के बाद शुरू हुई थीं, जिसके कारण उन्हें न्यूरोलॉजिकल जटिलताओं का सामना करना पड़ा। लंबे समय तक चली बीमारी का असर परिवार की आर्थिक स्थिति पर भी पड़ा। उनकी देखभाल के लिए उनके पति को निजी क्षेत्र की अच्छी नौकरी छोड़नी पड़ी, जबकि इलाज का खर्च लगातार बढ़ता रहा।

कुछ वर्षों बाद, वर्ष 2025 में, पेरिमेनोपॉज के दौरान वे लंबे समय तक लगातार रक्तस्राव की समस्या से पीड़ित हो गईं। उनके गंभीर चिकित्सकीय इतिहास के कारण एनेस्थीसिया से जुड़े किसी भी ऑपरेशन में जोखिम काफी अधिक था। वर्ष 2020 और 2024 में मिरेना इंसर्शन सहित कई उपचार करवाने के बावजूद उनकी समस्या बनी रही और लगभग दो वर्षों तक वह लगातार क्रोनिक ब्लीडिंग से पीड़ित रहीं।

इस संबंध में जानकारी देते हुए सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं राजिंदरा अस्पताल के प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग की प्रोफेसर डॉ. प्रीत कमल सिबिया ने कहा, “हरमनप्रीत, जो रजोनिवृत्ति (मेनोपॉज) की ओर बढ़ रही थीं, पिछले लगभग दस वर्षों से अत्यधिक मासिक धर्म रक्तस्राव की समस्या से पीड़ित थीं। इसके साथ ही उन्हें उच्च रक्तचाप, टाइप-2 डायबिटीज, हाइपोथायरॉयडिज्म, सोरायसिस और न्यूरोलॉजिकल जटिलताओं सहित कई अन्य स्वास्थ्य समस्याएं भी थीं।”

डॉ. सिबिया ने आगे बताया, “उसके गर्भाशय में एक बड़ा फाइब्रॉइड था और पहले भी लंबे समय तक दवाइयों के माध्यम से उपचार किया गया था, लेकिन अपेक्षित सफलता नहीं मिली। विस्तृत जांच के बाद हमारी टीम ने उसका टोटल लैप्रोस्कोपिक हिस्टरेक्टॉमी ऑपरेशन किया। ऑपरेशन सफल रहा, ऑपरेशन के बाद उसकी रिकवरी सुचारू रूप से हुई और उन्हें संतोषजनक स्थिति में अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।”

हरमनप्रीत ने बताया कि उपचार के दौरान डॉ. सिबिया की सलाह पर उसने मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत पंजीकरण करवाया, जिससे उनके परिवार पर पड़ने वाला आर्थिक बोझ काफी कम हो गया। उसने इस जनकल्याणकारी योजना के लिए भगवंत मान सरकार का धन्यवाद किया तथा डॉक्टरों और अस्पताल स्टाफ की भी सराहना की, जिन्होंने मुख्य उपचार के साथ-साथ उसकी डायबिटीज और सोरायसिस जैसी अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का भी पूरा ध्यान रखा।

अपने उद्यमी सफर के लिए जानी जाने वाली हरमनप्रीत ने वर्षों तक पटियाला में टिफिन सेवा, फूड कार्ट और फूड वैन संचालित की है। लंबे समय तक बीमारी से संघर्ष करने के बावजूद उन्होंने खाना बनाने के अपने जुनून को जारी रखा और मास्टरशेफ इंडिया सीजन-6 के टॉप-20 प्रतियोगियों में स्थान बनाया। अब स्वस्थ होने के बाद वे अपने सपनों को फिर से साकार करने की तैयारी कर रही हैं।

कैशलेस इलाज और समय पर मिली स्वास्थ्य सहायता के लिए आभार व्यक्त करते हुए हरमनप्रीत ने कहा कि इस अनुभव ने सार्वजनिक सेवाओं के प्रति उनका विश्वास फिर से मजबूत किया है और सरकार पर उसका भरोसा और बढ़ा है। उसने कहा, “मेरे जैसे लाभार्थी इस बात का प्रत्यक्ष उदाहरण हैं कि किफायती और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं आम लोगों, विशेषकर लंबे समय से गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के जीवन में कितना बड़ा बदलाव ला सकती हैं।”

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