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शहीद-ए-आज़म भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को ‘भारत रत्न’ दिए जाने की मांग की थी, पर भाजपा सरकार ने नहीं मानी: CM Bhagwant Singh Mann

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पंजाब के फिरोजपुर स्थित हुसैनीवाला में शहीद-ए-आजम भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव के शहीदी दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने ऐतिहासिक राष्ट्रीय शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर उन्होंने शहीदों के सपनों का ‘रंगला पंजाब’ बनाने की अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

मुख्यमंत्री ने इस मौके पर शहीदों के परिवारों को सम्मानित किया और 24.99 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले हुसैनीवाला विरासती कॉम्प्लेक्स का शिलान्यास भी किया। उन्होंने कहा कि यह प्रोजेक्ट शहीदों की विरासत को संजोने और आने वाली पीढ़ियों को उनके बलिदान से प्रेरित करने का प्रयास है।

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि यह दिन केवल शहीदों को याद करने का नहीं, बल्कि उनके आदर्शों को अपनाने का भी है। उन्होंने कहा कि इन महान क्रांतिकारियों ने कम उम्र में देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए, लेकिन आज भी उन्हें उनके योगदान के अनुसार सम्मान नहीं मिला।

मुख्यमंत्री ने यह भी सवाल उठाया कि भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव जैसे महान शहीदों को अब तक भारत रत्न से सम्मानित क्यों नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि अगर आजादी के शुरुआती दौर में देश की कमान ऐसे युवाओं के हाथ में होती, तो देश की दिशा कुछ और ही होती।

उन्होंने कहा कि कुछ नेता अपने नाम पर स्मारक और स्टेडियम बनवाते हैं, जबकि असली हकदार शहीदों को उचित सम्मान नहीं मिल पाया। उन्होंने लोगों से अपील की कि शहीदों को सिर्फ खास दिनों पर याद न करें, बल्कि उनके दिखाए रास्ते पर चलकर देश और समाज की सेवा करें।

मुख्यमंत्री ने आजादी की कीमत का जिक्र करते हुए कहा कि देश की आजादी बहुत बड़ी कुर्बानियों के बाद मिली है। विभाजन के दौरान लाखों लोगों ने अपनी जान गंवाई और करोड़ों लोग विस्थापित हुए।

उन्होंने कहा कि आज के समय में बदलाव लाने के लिए हथियारों की नहीं, बल्कि वोट की ताकत की जरूरत है। सही नेतृत्व का चुनाव करके ही देश को सही दिशा दी जा सकती है।

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने हुसैनीवाला विरासती कॉम्प्लेक्स के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इसमें भव्य प्रवेश द्वार, शहीदों के जीवन पर आधारित गैलरी, दीवार चित्र, पार्क, 3-डी मैपिंग शो, म्यूजिकल फाउंटेन, बच्चों के खेलने का क्षेत्र, वरिष्ठ नागरिकों के लिए आराम स्थल और सोलर पावर प्लांट जैसी सुविधाएं शामिल होंगी।

उन्होंने कहा कि यह पवित्र भूमि आने वाली पीढ़ियों को देशभक्ति और निस्वार्थ सेवा के लिए प्रेरित करती रहेगी। मुख्यमंत्री ने युवाओं से आह्वान किया कि वे शहीदों के सपनों को साकार करने के लिए आगे आएं और एक प्रगतिशील व खुशहाल पंजाब के निर्माण में अपना योगदान दें।

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चंडीगढ़ की सुखना लेक 2 दिन रहेगी बंद, एयर शो के चलते प्रशासन का बड़ा फैसला

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चंडीगढ़ की मशहूर सुखना झील को 26 मार्च से अस्थायी तौर पर आम जनता के लिए बंद कर दिया गया है। प्रशासन ने यह फैसला 27 और 28 मार्च को आयोजित होने वाले एयर शो को ध्यान में रखते हुए लिया है। इस संबंध में डिप्टी कमिश्नर निशांत यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जानकारी दी।

प्रशासन के अनुसार, 27 मार्च को एयर शो की फुल ड्रेस रिहर्सल होगी, जबकि 28 मार्च को दोपहर 1:30 बजे के बाद झील को फिर से आम लोगों के लिए खोल दिया जाएगा। सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए दोनों दिनों में केवल करीब 10,000 लोगों को ही कार्यक्रम में शामिल होने की अनुमति दी गई है।

एयर शो में भाग लेने के लिए पहले से बुकिंग और QR कोड वाला पास अनिवार्य होगा। टिकट की कीमत ₹100 तय की गई है और इसकी बुकिंग Chandigarh Tourism App के जरिए की जा रही है।

सुरक्षा कारणों से सुखना झील के आसपास निजी वाहनों की आवाजाही पर पूरी तरह रोक रहेगी। दर्शकों को निर्धारित पिकअप पॉइंट्स से शटल बसों के जरिए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचाया जाएगा। यह बस सेवा सुबह 8 बजे से 9 बजे तक संचालित होगी।

प्रशासन ने एयर शो के दौरान दर्शकों की सुविधा के लिए पीने के पानी, टॉयलेट, एंबुलेंस, फायर टेंडर और सिविल डिफेंस वॉलंटियर्स की पर्याप्त व्यवस्था भी सुनिश्चित की है, ताकि कार्यक्रम सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।

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SC छात्रों को छात्रवृत्ति वितरण में Punjab देश में दूसरे स्थान पर, 10 लाख से अधिक विद्यार्थियों को मिला लाभ — Dr. Baljeet Kaur

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पंजाब के सामाजिक न्याय, सशक्तिकरण और अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि भगवंत मान सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए अनुसूचित जाति (SC) और अन्य वर्गों के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति देने में राष्ट्रीय स्तर पर दूसरा स्थान हासिल किया है। उन्होंने कहा कि सरकार के कार्यकाल में करीब 10 लाख छात्रों को इसका लाभ मिला है, जिससे शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई है।

मोहाली के कलाकट भवन में आयोजित टूल किट वितरण और जागरूकता कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा के साथ-साथ कौशल विकास और आत्मनिर्भरता पर भी विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने बताया कि आईटीआई के छात्रों को टूल किट वितरित करने, SC विद्यार्थियों को मुफ्त पाठ्य-पुस्तकें देने और अन्य योजनाओं को 100 प्रतिशत राज्य सरकार द्वारा फंड किया जा रहा है।

उन्होंने जानकारी दी कि इस पहल के तहत पहले चरण में एस.ए.एस. नगर, रूपनगर, शहीद भगत सिंह नगर, पटियाला, फतेहगढ़ साहिब और लुधियाना जिलों के 630 छात्रों को कवर किया गया है, जबकि राज्य की 32 सरकारी आईटीआई के कुल 1506 विद्यार्थियों को इसका लाभ मिलेगा।

डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य युवाओं में उद्यमिता को बढ़ावा देना और उन्हें कौशल आधारित रोजगार के लिए प्रेरित करना है, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और अपने जीवन में बड़े लक्ष्य हासिल कर सकें।

उन्होंने यह भी बताया कि पहले जहां केंद्र सरकार की अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति योजना का लाभ केवल दो जिलों तक सीमित था, वहीं अब पंजाब सरकार के प्रयासों से इसे राज्य के सभी जिलों तक विस्तारित कर दिया गया है।

समाज में समानता और जागरूकता की जरूरत पर जोर देते हुए मंत्री ने डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों का उल्लेख किया और कहा कि उनकी सोच और सिख धर्म की शिक्षाओं ने जाति आधारित भेदभाव को खत्म करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने दोहराया कि पंजाब सरकार आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को ऊपर उठाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

इस मौके पर विधायकों और अधिकारियों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि टूल किट वितरण से आईटीआई के छात्र आत्मनिर्भर बनेंगे और सम्मानजनक जीवन जीने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।

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‘युद्ध नशों के विरुद्ध’ एक व्यापक लड़ाई, सामूहिक प्रयास से ही खत्म होगा नशे का जाल —Manish Sisodia

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आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता और पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया ने कहा कि ‘युद्ध नशों के विरुद्ध’ अभियान केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि नशे के खिलाफ एक व्यापक और निर्णायक लड़ाई है। उन्होंने जोर देकर कहा कि पंजाब को नशा मुक्त बनाने के लिए समाज के हर वर्ग की एकजुट भागीदारी बेहद जरूरी है।

जालंधर में चार जिलों के ब्लॉक कोऑर्डिनेटरों के प्रशिक्षण सत्र को संबोधित करते हुए सिसोदिया ने कहा कि गांव-गांव और वार्ड-वार्ड में जाकर नशा बेचने वालों की जानकारी इकट्ठा करनी होगी, ताकि उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने कहा कि अरविंद केजरीवाल की सोच और भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार नशे के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान चला रही है।

सिसोदिया ने कहा कि जहां एक ओर नशे के आदी लोगों को इलाज और पुनर्वास के जरिए मुख्यधारा में लाया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर नशा तस्करों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत नशा तस्करों की अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर कार्रवाई भी की जा रही है, ताकि भविष्य में कोई भी इस तरह के अपराध करने से पहले सोचे।

उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं और कोऑर्डिनेटरों को प्रेरित करते हुए कहा कि इस अभियान को एक सामान्य कार्यक्रम की तरह नहीं, बल्कि एक “युद्ध” की तरह लिया जाए और ‘रंगला पंजाब’ बनाने के लिए हर व्यक्ति अपनी भूमिका निभाए। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में जिला स्तर पर और अधिक प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए जाएंगे।

इस मौके पर कैबिनेट मंत्री मोहिंदर भगत ने कहा कि राज्य सरकार नशा तस्करों के खिलाफ लगातार कड़ी कार्रवाई कर रही है। उन्होंने बताया कि सख्त कार्रवाई के कारण कई तस्कर या तो जेल में हैं या राज्य छोड़ चुके हैं, और भविष्य में भी यह अभियान इसी तरह जारी रहेगा।

बैठक में कई विधायक, हल्का इंचार्ज, जिला पदाधिकारी और बड़ी संख्या में ब्लॉक कोऑर्डिनेटर शामिल हुए, जिन्होंने नशा मुक्त पंजाब के लक्ष्य को हासिल करने के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया।

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