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केजरीवाल और सिसोदिया को मिली क्लीन चिट, ईमानदार राजनीति की जीत: Hardeep Singh

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दिल्ली की अदालत द्वारा कथित शराब घोटाले में आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को बरी करने के फैसले का स्वागत करते हुए, कैबिनेट मंत्री हरदीप सिंह मुडिंया ने विरोधियों पर तीखा हमला किया।

उन्होंने कहा कि आज लोकतंत्र के लिए एक ऐतिहासिक दिन है, क्योंकि अदालत के फैसले ने यह साबित कर दिया कि आम आदमी पार्टी के खिलाफ बनाया गया पूरा मामला सिर्फ़ राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित एक ‘सरासर झूठ’ था।


विपक्ष पर कड़ी चेतावनी

मुडिंया ने कहा कि जो लोग कल तक टीवी पर ‘कट्टर ईमानदारी’ का मज़ाक उड़ा रहे थे, उन्हें आज देश से माफी मांगनी चाहिए।

उन्होंने स्पष्ट किया कि:

  • अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने दिल्ली के बच्चों का भविष्य सुधारने के लिए शिक्षा क्रांति शुरू की।
  • इस काम को रोकने के लिए उन्हें महीनों तक सलाखों के पीछे रखा गया।

मुडिंया ने कहा, “सच को परेशान किया जा सकता है, लेकिन हराया नहीं जा सकता”, और इस फैसले ने भाजपा के नेताओं के मुँह पर जोरदार तमाचा मारा है।


भगवान और गुरु साहिब को धन्यवाद

इस बड़ी कानूनी जीत पर अपनी आस्था ज़ाहिर करते हुए मुडिंया ने कहा:
“मैं गुरु साहिब का बहुत शुक्रगुज़ार हूँ, जिनकी कृपा से आज सच की जीत हुई है। गुरु साहिब ने हमेशा ज़ुल्म और झूठ के ख़िलाफ़ लड़ने की हिम्मत दी है और आज उनके आशीर्वाद से आम आदमी पार्टी के बेगुनाह नेताओं को इंसाफ़ मिला है।”

उन्होंने आगे कहा कि यह जीत सिर्फ़ AAP की नहीं, बल्कि देश के करोड़ों लोगों की दुआओं और विश्वास की जीत है।


मुख्य बिंदु

  • दिल्ली अदालत ने अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को फर्जी शराब घोटाले से बरी किया।
  • मामला सिर्फ़ राजनीतिक बदले की भावना से रचा गया था।
  • शिक्षा और विकास के काम को रोकने के लिए नेताओं को जेल में रखा गया।
  • भाजपा नेताओं पर कड़ा हमला और जनता से माफी की अपील।
  • जीत सिर्फ़ पार्टी की नहीं, बल्कि सच्चाई और जनता के विश्वास की जीत।
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भाजपा का शराब घोटाले के नाम पर बुना गया झूठ का जाल धराशायी, सत्य की जीत हुई: Kuldeep Dhaliwal

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आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के मुख्य प्रवक्ता व विधायक कुलदीप धालीवाल ने सीबीआई केस में दिल्ली की राऊज़ एवेन्यू कोर्ट द्वारा कथित शराब घोटाले में ‘आप’ के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को बरी किए जाने के फैसले का स्वागत किया है।

धालीवाल ने कहा कि आज माननीय अदालत के फैसले ने यह साबित कर दिया है कि ‘आम आदमी पार्टी’ को खत्म करने के लिए भाजपा द्वारा रचा गया पूरा मामला महज एक कोरी कल्पना और गहरी राजनीतिक साजिश थी।

धालीवाल ने भाजपा, कांग्रेस और अकाली दल को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इन तीनों पार्टियों ने मिलकर हमारे नेताओं की छवि खराब करने और पार्टी को जमींदोज करने के लिए दिन-रात कुप्रचार किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने झूठ की जो इमारत खड़ी की थी, वह आज ताश के पत्तों की तरह बिखर गई है। भाजपा ने अपनी एजेंसियों का दुरुपयोग कर हमारे शीर्ष नेतृत्व को जेल की सलाखों के पीछे डाला, लेकिन वे भूल गए थे कि सच को परेशान किया जा सकता है, पराजित नहीं।

धालीवाल ने केंद्र की भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि इस फैसले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को मुँह की खानी पड़ी है। उन्होंने कहा कि भाजपा की तानाशाही और जुल्म के खिलाफ अरविंद केजरीवाल और हमारी लीडरशिप ने डटकर लड़ाई लड़ी। यह फैसला इस बात पर मुहर है कि पूरे देश में अगर कोई ईमानदारी और सच्चाई की राजनीति कर रहा है, तो वह अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी है।

उन्होंने कहा कि भाजपा की साजिशों का मकसद केवल हमें रोकना था, लेकिन जनता की अदालत के बाद अब कानून की अदालत ने भी उन्हें आईना दिखा दिया है।

कुलदीप धालीवाल ने देशभर के ‘आप’ कार्यकर्ताओं को बधाई देते हुए कहा कि आज हर उस व्यक्ति की जीत हुई है जिसका लोकतंत्र और न्यायपालिका में विश्वास है। उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि मुझे गर्व है कि मैं अरविंद केजरीवाल जैसे सच्चे और निडर नेता की पार्टी का सिपाही हूँ। हमारे नेताओं ने जेल जाना स्वीकार किया लेकिन झुकना नहीं। आज का दिन भारतीय राजनीति के इतिहास में सच्चाई की जीत के प्रतीक के रूप में याद रखा जाएगा।

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Politics

मोदी सरकार ने आप को बदनाम करने के लिए CBI-ED का दुरुप्रयोग किया; फैसले से भाजपा की मनगढ़ंत कहानी का पर्दाफाश: हरपाल चीमा

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पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि कथित दिल्ली शराब घोटाले के मामले में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय कन्वीनर अरविंद केजरीवाल, सीनियर नेता मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, दुर्गेश पाठक, सतिंदर जैन और अन्यों के बरी होने से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की राजनीति से प्रेरित साजिश पूरी तरह से बेनकाब हो गई है। 

शराब घोटाले केस में क्लीन चिट देने के दिल्ली अदालत के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए चीमा ने कहा कि इस फैसले से पूरे देश के सामने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह केस केंद्रीय एंजसियों का दुरुप्रयोग करके आम आदमी पार्टी लीडरशिप को बदनाम करने और उसे राजनीतिक तौर पर खत्म करने की कोशिश के तौर पर बनाया गया था।

चीमा ने कहा कि जज का फैसला अपने आप में उस साजिश की हद को उजागर करता है जो भाजपा ने आम आदमी पार्टी के खिलाफ रची थी। सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (सीबीआई) और एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ईडी) का गलत इस्तेमाल करके आप की ईमानदारी पर सवाल उठाने की कोशिश की गई। आज देश के लोगों को यह साफ हो गया है कि कैसे इन एजेंसियों का राजनीतिक फायदे के लिए गलत इस्तेमाल किया गया था।

    उन्होंने याद दिलाया कि आप का जन्म भ्रष्टाचार के विरुद्ध देशव्यापी आंदोलन मे से हुआ था। और इसकी स्थापना उन नेताओं ने की थी जिन्होंने अपनी ज़िंदगी साफ-सुथरी राजनीति के लिए लगा दी थी। अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, दुर्गेश पाठक, सतिंदर जैन, ये वो नेता हैं जिन्होंने आम आदमी पार्टी की नींव रखी और इसे पूरे देश में फैलाया। आज, उनके कमिटमेंट और बलिदान की वजह से ही हम कई राज्यों में सरकार और विपक्ष में हैं।

चीमा ने ज़ोर देकर कहा कि यह फ़ैसला बी.आर. अंबेडकर के बनाए संविधान की भी जीत है। डॉ. बी.आर. अंबेडकर, जिन्होंने गरीबी से उठकर भारत का संविधान बनाया, उन्होंने हर नागरिक के लिए बराबरी, निजी आज़ादी की सुरक्षा और बुनियादी अधिकारों को पक्का किया। अगर आप संविधान को ध्यान से पढ़ेंगे, तो आप समझ सकते हैं कि यह कितनी गहराई से निजी आज़ादी की रक्षा करता है। आज दिल्ली अदालत का फ़ैसला यह साबित करता है कि संविधान सबसे ऊपर है।

खुद वकालत कर चुके चीमा ने कहा कि यह केस देश के कानूनी इतिहास में याद रखा जाएगा। यह इस देश के इतिहास का ऐसा केस है जिसमें भाजपा की सीबीआई पूरी तरह से बेनकाब हो गई है। कोई सबूत नहीं था, फिर भी एक कथित घोटाला किया गया। बाबासाहेब अंबेडकर के कानून के खिलाफ खेले गए इस खेल के लिए भाजपा और केंद्रीय गृह मंत्री को जवाब देना होगा।

उन्होंने न्यायपालिका का धन्यवाद करते हुए कहा कि अदालतें हमेशा न्याय और सच्चाई के साथ खड़ी होती हैं। संविधान के तहत, हर नागरिक को सम्मान के साथ जीने, राजनीति में हिस्सा लेने और लोगों की सेवा करने का अधिकार है। आज का फैसला उस सिद्धांत को पक्का करता है।

चीमा ने भाजपा पर संवैधानिक प्रावधानों का गलत इस्तेमाल करके लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश करने का आरोप लगाया। संविधान भाजपा या किसी एक पार्टी का नहीं है। यह बाबासाहेब अंबेडकर और 140 करोड़ भारतीयों का है। इसे इसलिए बनाया गया था ताकि लोग सम्मान के साथ जी सकें और अच्छी शिक्षा पा सकें। लेकिन भाजपा यह पचा नहीं पा रही है कि अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया गरीबों को अच्छी शिक्षा दे रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सरकारी स्कूल के स्टूडेंट्स को आईआईटी जैसे बड़े इंस्टीट्यूशन में एडमिशन, गरीब परिवारों को अच्छी हेल्थ सुविधाएं मिलना और दिल्ली और पंजाब से करप्शन और ड्रग्स को खत्म करने की कोशिशों से परेशान है।

इसीलिए उन्होंने आम आदमी पार्टी को तोड़ने की कोशिश की। लेकिन आज, देश भर में संविधान में विश्वास रखने वाले लाखों लोग जश्न मना रहे हैं। सच की जीत हुई है।

चीमा ने आप कार्यकर्ताओ को मुश्किल समय में चट्टान की तरह पार्टी के साथ खड़े रहने और भाजपा की हरकतों को लगातार सामने लाने के लिए धन्यवाद दिया।

उन्होंने अंत में कहा कि जहां कांग्रेस और भाजपा दोनों ने डॉ. अंबेडकर के नाम का इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए किया है, वहीं आम आदमी पार्टी ने ही असल में उनकी विचारधारा को आगे बढ़ाया है।

चीमा ने कहा कि यह फैसला सच की जीत है। आज देश के करोड़ों लोग समझ गए हैं कि भाजपा झूठ का सहारा लेती है, लेकिन आखिर में जीत संविधान और इंसाफ की होती है।

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मोदी सरकार ने आप को बदनाम करने के लिए CBI-ED का दुरुप्रयोग किया; फैसले से भाजपा की मनगढ़ंत कहानी का पर्दाफाश: हरपाल चीमा

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पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि कथित दिल्ली शराब घोटाले के मामले में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय कन्वीनर अरविंद केजरीवाल, सीनियर नेता मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, दुर्गेश पाठक, सतिंदर जैन और अन्यों के बरी होने से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की राजनीति से प्रेरित साजिश पूरी तरह से बेनकाब हो गई है। 

शराब घोटाले केस में क्लीन चिट देने के दिल्ली अदालत के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए चीमा ने कहा कि इस फैसले से पूरे देश के सामने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह केस केंद्रीय एंजसियों का दुरुप्रयोग करके आम आदमी पार्टी लीडरशिप को बदनाम करने और उसे राजनीतिक तौर पर खत्म करने की कोशिश के तौर पर बनाया गया था।

चीमा ने कहा कि जज का फैसला अपने आप में उस साजिश की हद को उजागर करता है जो भाजपा ने आम आदमी पार्टी के खिलाफ रची थी। सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (सीबीआई) और एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ईडी) का गलत इस्तेमाल करके आप की ईमानदारी पर सवाल उठाने की कोशिश की गई। आज देश के लोगों को यह साफ हो गया है कि कैसे इन एजेंसियों का राजनीतिक फायदे के लिए गलत इस्तेमाल किया गया था।

    उन्होंने याद दिलाया कि आप का जन्म भ्रष्टाचार के विरुद्ध देशव्यापी आंदोलन मे से हुआ था। और इसकी स्थापना उन नेताओं ने की थी जिन्होंने अपनी ज़िंदगी साफ-सुथरी राजनीति के लिए लगा दी थी। अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, दुर्गेश पाठक, सतिंदर जैन, ये वो नेता हैं जिन्होंने आम आदमी पार्टी की नींव रखी और इसे पूरे देश में फैलाया। आज, उनके कमिटमेंट और बलिदान की वजह से ही हम कई राज्यों में सरकार और विपक्ष में हैं।

चीमा ने ज़ोर देकर कहा कि यह फ़ैसला बी.आर. अंबेडकर के बनाए संविधान की भी जीत है। डॉ. बी.आर. अंबेडकर, जिन्होंने गरीबी से उठकर भारत का संविधान बनाया, उन्होंने हर नागरिक के लिए बराबरी, निजी आज़ादी की सुरक्षा और बुनियादी अधिकारों को पक्का किया। अगर आप संविधान को ध्यान से पढ़ेंगे, तो आप समझ सकते हैं कि यह कितनी गहराई से निजी आज़ादी की रक्षा करता है। आज दिल्ली अदालत का फ़ैसला यह साबित करता है कि संविधान सबसे ऊपर है।

खुद वकालत कर चुके चीमा ने कहा कि यह केस देश के कानूनी इतिहास में याद रखा जाएगा। यह इस देश के इतिहास का ऐसा केस है जिसमें भाजपा की सीबीआई पूरी तरह से बेनकाब हो गई है। कोई सबूत नहीं था, फिर भी एक कथित घोटाला किया गया। बाबासाहेब अंबेडकर के कानून के खिलाफ खेले गए इस खेल के लिए भाजपा और केंद्रीय गृह मंत्री को जवाब देना होगा।

उन्होंने न्यायपालिका का धन्यवाद करते हुए कहा कि अदालतें हमेशा न्याय और सच्चाई के साथ खड़ी होती हैं। संविधान के तहत, हर नागरिक को सम्मान के साथ जीने, राजनीति में हिस्सा लेने और लोगों की सेवा करने का अधिकार है। आज का फैसला उस सिद्धांत को पक्का करता है।

चीमा ने भाजपा पर संवैधानिक प्रावधानों का गलत इस्तेमाल करके लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश करने का आरोप लगाया। संविधान भाजपा या किसी एक पार्टी का नहीं है। यह बाबासाहेब अंबेडकर और 140 करोड़ भारतीयों का है। इसे इसलिए बनाया गया था ताकि लोग सम्मान के साथ जी सकें और अच्छी शिक्षा पा सकें। लेकिन भाजपा यह पचा नहीं पा रही है कि अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया गरीबों को अच्छी शिक्षा दे रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि भाजपा सरकारी स्कूल के स्टूडेंट्स को आईआईटी जैसे बड़े इंस्टीट्यूशन में एडमिशन, गरीब परिवारों को अच्छी हेल्थ सुविधाएं मिलना और दिल्ली और पंजाब से करप्शन और ड्रग्स को खत्म करने की कोशिशों से परेशान है।

इसीलिए उन्होंने आम आदमी पार्टी को तोड़ने की कोशिश की। लेकिन आज, देश भर में संविधान में विश्वास रखने वाले लाखों लोग जश्न मना रहे हैं। सच की जीत हुई है।

चीमा ने आप कार्यकर्ताओ को मुश्किल समय में चट्टान की तरह पार्टी के साथ खड़े रहने और भाजपा की हरकतों को लगातार सामने लाने के लिए धन्यवाद दिया।

उन्होंने अंत में कहा कि जहां कांग्रेस और भाजपा दोनों ने डॉ. अंबेडकर के नाम का इस्तेमाल राजनीतिक फायदे के लिए किया है, वहीं आम आदमी पार्टी ने ही असल में उनकी विचारधारा को आगे बढ़ाया है।

चीमा ने कहा कि यह फैसला सच की जीत है। आज देश के करोड़ों लोग समझ गए हैं कि भाजपा झूठ का सहारा लेती है, लेकिन आखिर में जीत संविधान और इंसाफ की होती है।

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