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भगवंत मान सरकार ने प्राइवेट स्कूलों की लूट को खत्म करने के लिए उठाया ऐतिहासिक कदम, लाखों परिवारों को बड़ी मिलेगी आर्थिक राहत: कंग

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श्री आनंदपुर साहिब से आम आदमी पार्टी (आप) के लोकसभा मेंबर, मालविंदर सिंह कंग ने ‘द पंजाब रेगुलेशन ऑफ फीस ऑफ अनएडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (अमेंडमेंट) ऑर्डिनेंस, 2026’ के नोटिफिकेशन का स्वागत किया है। उन्होंने इसे ऐतिहासिक और लोगों के हक में फैसला बताया और कहा कि यह पंजाब के अभिभावकों और विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी जीत है।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान का शुक्रिया अदा करते हुए, कंग ने कहा कि पंजाब सरकार ने प्राइवेट स्कूलों द्वारा वसूली जा रही मनमानी और गैर-कानूनी फीस से परिवारों को बचाने का अपना वादा पूरा किया है। उन्होंने कहा कि यह ऑर्डिनेंस सरकार की मज़बूत राजनीतिक इच्छाशक्ति को दिखाता है, जो आम लोगों के हितों को ताकतवर प्राइवेट संस्थानों से ऊपर रखती है।

कंग ने आप के नेशनल कन्वीनर अरविंद केजरीवाल का भी धन्यवाद किया औऱ कहा कि उन्होंने देश में शिक्षा सुधारों की नींव रखी और एक ऐसे शासन मॉडल को प्रेरित किया, जो पब्लिक पॉलिसी के केंद्र में क्वालिटी और सस्ती शिक्षा को रखता है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने इस ऐतिहासिक सुधार के ज़रिए एक बार फिर उसी विज़न को आगे बढ़ाया है।

उन्होंने कहा कि सालों से गैर सहायता प्राप्त प्राइवेट स्कूल अपनी मर्ज़ी से फीस बढ़ाकर और एजुकेशन को कमर्शियल बिज़नेस बनाकर अभिभावकों का शोषण कर रहे थे। इस ऑर्डिनेंस के लागू होने से ऐसी मनमानी पर रोक लगेगी। उन्होंने आगे कहा कि सरकार ने यह साफ़ कर दिया है कि किसी भी गैर सहायता प्राप्त प्राइवेट शिक्षक संस्थाओं को पांच प्रतिशत से ज़्यादा फीस बढ़ाने की इजाज़त नहीं दी जाएगी, जिससे सिस्टम में पारदर्शिता और अकाउंटेबिलिटी आएगी।

कंग ने कहा कि यह ऑर्डिनेंस पूरे पंजाब में लाखों परिवारों पर आर्थिक बोझ को काफी कम करेगा और उन अभिभावकों को बड़ी राहत देगा जो बिना किसी रोक-टोक के लंबे समय से लगातार बढ़ती फीस से जूझ रहे थे।

अपने चुनाव क्षेत्र के लोगों से सीधी अपील करते हुए कंग ने कहा कि अगर कोई प्राइवेट स्कूल अब भी अपनी मर्ज़ी से फीस बढ़ाता है या किसी और तरह का शोषण करता है, तो अभिभावक तुरंत उनके ऑफिस में संपर्क करें। उन्होंने कहा कि प्लॉट नंबर 577, गिल्को वैली, सेक्टर 127, खरड़ में उनका ऑफिस हर दिन सुबह 9 बजे से खुलेगा ताकि ऐसी दिक्कतों का सामना कर रहे पेरेंट्स की मदद की जा सके।

उन्होंने भरोसा दिलाया कि वह और उनकी टीम प्रभावित परिवारों को हर मुमकिन मदद देंगे और यह पक्का करेंगे कि किसी भी प्राइवेट स्कूल को कानून तोड़ने या पेरेंट्स का शोषण करने की इजाज़त न मिले। कंग ने दोहराया कि भगवंत मान की सरकार अभिभावकों के शोषण को खत्म करने और पंजाब के हर बच्चे के लिए शिक्षा को सस्ता, पारदर्शी और आसान बनाने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।

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पंजाब में बच्चों को गोद लेने की प्रक्रिया हुई आसान, सरकार ने शुरू कीं 16 नई दत्तक ग्रहण एजेंसियां

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पंजाब में बच्चा गोद लेने के इच्छुक दंपतियों के लिए राहत भरी खबर है। राज्य सरकार ने दत्तक ग्रहण (एडॉप्शन) की प्रक्रिया को अधिक सरल, तेज और पारदर्शी बनाने के लिए बड़े बदलाव किए हैं। अब जिला स्तर पर दत्तक ग्रहण एजेंसियों की संख्या बढ़ा दी गई है, जिससे लोगों को पहले की तुलना में कम परेशानी का सामना करना पड़ेगा।

सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि सरकार का उद्देश्य गोद लेने की पूरी प्रक्रिया को कानूनी रूप से पारदर्शी और सुगम बनाना है, ताकि हर अनाथ और बेसहारा बच्चे को सुरक्षित परिवार और माता-पिता का प्यार मिल सके।

उन्होंने बताया कि पहले राज्य में केवल 10 दत्तक ग्रहण एजेंसियां कार्यरत थीं, जिससे प्रक्रिया में देरी होती थी। अब सरकार ने 16 नई एजेंसियां शुरू की हैं, जिससे पूरी प्रक्रिया अधिक प्रभावी और तेज हो जाएगी।

मंत्री ने जानकारी दी कि अब तक 21 बच्चों को विदेशी दंपतियों या विदेश में रहने वाले भारतीय मूल के लोगों द्वारा कानूनी रूप से गोद लिया जा चुका है।

डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि हाल ही में पंजाब सरकार ने बच्चों से भीख मंगवाने की प्रथा रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया था। इस अभियान के दौरान कई बच्चों को बचाया गया, लेकिन इनमें से कई बच्चों को लेने उनके माता-पिता या परिजन सामने नहीं आए।

ऐसे मामलों को देखते हुए सरकार ने फैसला किया है कि इन बच्चों को “लीगली फ्री फॉर एडॉप्शन” (Legally Free for Adoption) श्रेणी में शामिल किया जाएगा, ताकि उन्हें जल्द से जल्द नया परिवार और बेहतर भविष्य मिल सके।

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पंजाब-हरियाणा में टोल टैक्स महंगा, 8 टोल प्लाजा पर नई दरें लागू

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पंजाब और हरियाणा के वाहन चालकों के लिए अहम खबर है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने दोनों राज्यों के आठ टोल प्लाजा पर टोल टैक्स में 5 से 10 रुपये तक की बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें मंगलवार से लागू हो गई हैं।

टोल दरों में बढ़ोतरी के बाद चंडीगढ़, लुधियाना, अमृतसर, तरनतारन, फरीदकोट, बठिंडा, अबोहर, मौड़ और संगरूर रूट पर सफर करने वाले वाहन चालकों को अब पहले की तुलना में अधिक टोल देना होगा। खासकर निजी कारों और हल्के मोटर वाहनों के लिए शुल्क 5 से 10 रुपये तक बढ़ा दिया गया है।

घुलाल टोल प्लाजा (चंडीगढ़-खरड़-लुधियाना हाईवे) पर कार और हल्के वाहनों के लिए एक तरफ का टोल 115 रुपये और आने-जाने का 170 रुपये कर दिया गया है। बसों के लिए 390 रुपये और ट्रकों के लिए 580 रुपये तय किए गए हैं।

कोट करोर टोल प्लाजा (अमृतसर-तरनतारन-हरीके-फरीदकोट-बठिंडा NH-15) पर कारों के लिए एक तरफ का टोल 50 रुपये और राउंड ट्रिप का 70 रुपये होगा। बसों को 165 रुपये और ट्रकों को 250 रुपये चुकाने होंगे।

काला टिब्बा टोल प्लाजा पर कारों के लिए एक तरफ का टोल 50 रुपये और दोनों तरफ का 80 रुपये कर दिया गया है। बसों के लिए 175 रुपये और ट्रकों के लिए 265 रुपये निर्धारित किए गए हैं।

शेखूपुरा टोल प्लाजा पर कारों के लिए एक तरफ का टोल 55 रुपये और दोनों तरफ का 85 रुपये होगा। बसों को 185 रुपये और ट्रकों को 280 रुपये देने होंगे।

लहराबेगा टोल प्लाजा पर कारों के लिए एक तरफ का टोल 80 रुपये और राउंड ट्रिप का 120 रुपये तय किया गया है। बसों के लिए 270 रुपये और ट्रकों के लिए 400 रुपये निर्धारित किए गए हैं।

खुईयां सर्वर टोल प्लाजा पर कारों के लिए एक तरफ का टोल 105 रुपये और दोनों तरफ का 155 रुपये होगा। वहीं बसों को 350 रुपये और ट्रकों को 520 रुपये चुकाने होंगे।

इसके अलावा कालाझार टोल प्लाजा पर कारों और हल्के वाहनों के लिए एक तरफ का टोल 115 रुपये तथा आने-जाने का टोल 175 रुपये कर दिया गया है।

NHAI की ओर से लागू की गई नई दरों के बाद इन मार्गों पर नियमित यात्रा करने वाले वाहन चालकों की यात्रा लागत में बढ़ोतरी होगी।

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अमेरिका में पंजाबी ट्रक ड्राइवर को 4 साल 8 महीने की जेल, सड़क हादसे में 3 लोगों की हुई थी मौत

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अमेरिका के कैलिफोर्निया में हुए भीषण सड़क हादसे के मामले में एक पंजाबी ट्रक ड्राइवर को 4 साल 8 महीने की जेल की सजा सुनाई गई है। अक्टूबर 2025 में हुए इस हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई थी। आरोपी ट्रक चालक की पहचान 21 वर्षीय जशनप्रीत सिंह के रूप में हुई है।

जानकारी के अनुसार, हादसा कैलिफोर्निया के I-10 फ्रीवे पर हुआ था, जब जशनप्रीत सिंह का सेमी-ट्रक धीमी गति से चल रहे वाहनों से जा टकराया। दुर्घटना में कुल आठ वाहन क्षतिग्रस्त हुए और तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद जशनप्रीत सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया था।

जांच के दौरान सामने आए डैशकैम वीडियो में ट्रक को कई वाहनों से टकराते देखा गया। अधिकारियों ने उस पर नशे की हालत में ट्रक चलाने का भी आरोप लगाया। बाद में जशनप्रीत सिंह ने अदालत में लापरवाही से वाहन चलाने के तीन गंभीर आरोप स्वीकार कर लिए।

अदालत ने दोष स्वीकार करने के बाद उसे 4 साल 8 महीने की कैद की सजा सुनाई। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक जशनप्रीत सिंह अमेरिका में अवैध रूप से रह रहा था। सजा पूरी होने के बाद उसे अमेरिका से डिपोर्ट किया जाएगा।

इस मामले के बाद अमेरिका में अवैध प्रवासियों को कमर्शियल ड्राइविंग लाइसेंस (CDL) जारी करने की प्रक्रिया को लेकर भी नई बहस शुरू हो गई है।

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