National
दिल्ली शराब घोटाले में ED ने CM अरविंद केजरीवाल को भेजा नोटिस, 2 नवंबर को पूछताछ के लिए बुलाया
नेशनल डेस्कः दिल्ली शराब घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को नोटिस भेजा है। केजरीवार को ईडी ने दो नवंबर को पूछताछ के लिए बुलाया है। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने आज यानी सोमवार को पूर्व डिप्टी सीएम और आप नेता मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका को नामंजूर कर दिया था। दिल्ली में मामले के जांच अधिकारी के सामने पेश होने के बाद एजेंसी मुख्यमंत्री का बयान दर्ज करेगी।
ईडी ने मामले में दाखिल अपनी चार्जशीट में कई बार केजरीवाल के नाम का उल्लेख किया है और कहा है कि आरोपी दिल्ली आबकारी नीति 2021-22 को तैयार करने और लागू करने के संबंध में आम आदमी पार्टी (आप) नेता के संपर्क में थे। बाद में यह आबकारी नीति रद्द कर दी गई थी। इससे पहले सीबीआई अप्रैल महीने में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को पूछताछ के लिए बुला चुकी है। अब तक AAP के तीन नेता जेल जा चुके हैं। मनीष सिसोदिया, सजंय सिंह जेल में हैं, जबकि सत्येंद्र जैन जमानत पर बाहर चल रहे हैं।
दिल्ली शराब घोटाले की 15 महीने की जांच में कब क्या-क्या हुआ?
डेढ़ साल के अंदर दिल्ली की सत्तारूढ़ पार्टी AAP से जुड़े तीसरे बड़े नेता की गिरफ्तारी से सियासत भी गरमा गई है। AAP और बीजेपी आमने-सामने हैं। गुरुवार को AAP कार्यकर्ता गिरफ्तारी का विरोध करेंगे। इससे पहले ईडी ने 30 मई, 2022 को एक अलग मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली के तत्कालीन मंत्री सत्येन्द्र जैन को गिरफ्तार किया था। बुधवार सुबह ईडी की टीम राज्यसभा सांसद संजय सिंह के नॉर्थ एवेन्यू स्थित सरकारी आवास पर पहुंची। यहां दिनभर की पूछताछ के बाद संजय को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया।
दिनेश अरोड़ा के सरकारी गवाह बनने के बाद एक्शन
संजय सिंह के घर तलाशी और उसके बाद गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है, जब एक दिन पहले ही दिल्ली की एक अदालत ने एक्साइज पॉलिसी घोटाले में वाईएसआर कांग्रेस पार्टी के लोकसभा सांसद मगुंटा श्रीनिवासुलु रेड्डी के बेटे राघव मगुंटा और दिल्ली के व्यवसायी दिनेश अरोड़ा को कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सरकारी गवाह बनने की अनुमति दी है।
मनीष सिसोदिया का करीबी सहयोगी था दिनेश
बता दें कि मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल पर ईडी जांच कर रही है और एजेंसी ने व्यवसायी दिनेश अरोड़ा को जुलाई में गिरफ्तार किया था। ईडी का कहना था कि पूछताछ में अरोड़ा कथित तौर पर गोलमोल जवाब दे रहा है और जांच में सहयोग नहीं कर रहा था। बाद में वो ईडी का सरकारी गवाह बन गया। इससे पहले भ्रष्टाचार के मामले में जांच कर रही सीबीआई ने दिनेश को सरकारी गवाह बनाया था। कहा जाता है कि अरोड़ा कथित तौर पर मनीष सिसोदिया का करीबी सहयोगी था और एक्साइज पॉलिसी मामले में आरोपी है। उसे ईडी के साथ-साथ सीबीआई ने भी गिरफ्तार किया है।
दिनेश के जरिए मनीष के पास आई रिश्वत की रकम
ईडी ने एक सप्लीमेंट्री जार्चशीट में सिसौदिया पर दिनेश अरोड़ा के जरिए एक अन्य व्यवसायी और मामले के आरोपी अमित अरोड़ा से रिश्वत लेने का आरोप लगाया है। जांच एजेंसी ने इस रिश्वत को पीएमएलए के तहत ‘अपराध से अर्जित आय’ बताया है। अमित अरोड़ा ने आबकारी नीति 2021-22 में अपने पक्ष में पॉलिसी चेंज कराने के लिए दिनेश अरोड़ा के जरिए मनीष सिसोदिया को 2।2 करोड़ रुपये की रिश्वत दी थी। ईडी ने मई में दायर अपनी अभियोजन शिकायत में आरोप लगाया।
LG ने सीबीआई जांच की सिफारिश की थी
ईडी और सीबीआई ने आरोप लगाया है कि 2021-22 के लिए दिल्ली सरकार की उत्पाद शुल्क नीति में गड़बड़ियां की गई है। लाइसेंस के लिए रिश्वत देने वाले कुछ डीलरों को नियमों में ढिलाई दी गई। हालांकि, आम आदमी पार्टी ने इस आरोप को लगातार खारिज किया है। बाद में दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने कथित घोटाले में सीबीआई जांच की सिफारिश की। उसके बाद उत्पाद शुल्क नीति को रद्द कर दिया गया था।
Blog
पेट्रोल पंपों पर ‘NO STOCK’ के बोर्ड, लंबी कतारों से मची अफरा-तफरी — अफवाहों पर सरकार की सख्त चेतावनी
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव, खासकर ईरान-इज़राइल तनाव को लेकर फैल रही अफवाहों ने भारत के कई राज्यों में अचानक घबराहट का माहौल पैदा कर दिया है। सोशल मीडिया पर पेट्रोल-डीजल की कमी की खबरें वायरल होने के बाद कई शहरों में लोगों ने घबराहट में बड़े पैमाने पर ईंधन खरीदना शुरू कर दिया, जिससे पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग गईं।
तेलंगाना, मध्य प्रदेश और गुजरात के कई शहरों में हालात ऐसे बन गए कि पेट्रोल पंपों के बाहर वाहनों की लंबी लाइनें देखने को मिलीं। खास तौर पर हैदराबाद में अफवाहों के चलते भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे ट्रैफिक जाम और लोगों के बीच बहस के मामले भी सामने आए। इसी तरह इंदौर, अहमदाबाद, सूरत और राजकोट में भी लोग बड़ी मात्रा में पेट्रोल-डीजल भरवाने के लिए पंपों पर पहुंच गए।
घबराहट में की गई इस पैनिक बाइंग के चलते कुछ जगहों पर अस्थायी रूप से स्टॉक कम हो गया, जिसके कारण कई पेट्रोल पंपों पर ‘NO STOCK’ के बोर्ड तक लगाने पड़े। हालांकि, अधिकारियों ने साफ किया है कि यह स्थिति केवल अचानक बढ़ी मांग के कारण बनी है, न कि किसी वास्तविक कमी के कारण।
सरकार और तेल कंपनियों ने स्थिति को लेकर स्पष्ट किया है कि देश में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है और सप्लाई पूरी तरह सामान्य रूप से जारी है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और अनावश्यक रूप से ईंधन जमा करने से बचें।
साथ ही प्रशासन ने चेतावनी दी है कि जो लोग जानबूझकर इस तरह की भ्रामक खबरें फैलाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और घबराने की कोई जरूरत नहीं है।
Blog
MLA हरमीत सिंह पठानमाजरा गिरफ्तार, SSP के बड़े खुलासे — कई महीनों से फरार विधायक को मध्य प्रदेश से पकड़ा गया!
पंजाब के सनौर विधानसभा क्षेत्र से विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा को आखिरकार पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। लंबे समय से फरार चल रहे विधायक को पटियाला पुलिस की टीमों ने मध्य प्रदेश के ग्वालियर के बाहरी इलाके से दबोचा। गिरफ्तारी के बाद उन्हें कड़ी सुरक्षा में पंजाब लाया गया है, जहां अब उनसे पूछताछ की जा रही है।
गिरफ्तारी के बाद पटियाला के एसएसपी ने प्रेस को संबोधित करते हुए कई अहम खुलासे किए। उन्होंने बताया कि पुलिस को मजबूत तकनीकी इनपुट (Strong Technical Input) प्राप्त हुए थे, जिनके आधार पर लगातार ट्रैकिंग और निगरानी की जा रही थी। कई राज्यों में टीमों ने छापेमारी की और आखिरकार ग्वालियर के पास उनकी लोकेशन ट्रेस कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। एसएसपी के मुताबिक आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था।
जानकारी के अनुसार, कोर्ट ने हरमीत सिंह पठानमाजरा को दिसंबर महीने में ही भगोड़ा घोषित कर दिया था। वह पिछले साल सितंबर से ही फरार चल रहे थे और उनके खिलाफ कई गंभीर मामले दर्ज हैं। पुलिस सूत्रों का कहना है कि उनकी गिरफ्तारी से जुड़े मामलों में और भी अहम जानकारियां सामने आ सकती हैं।
पुलिस अब आरोपी को अदालत में पेश कर रिमांड लेने की तैयारी कर रही है, ताकि विस्तृत पूछताछ की जा सके और यह पता लगाया जा सके कि फरारी के दौरान उसे किस-किस का सहयोग मिला। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं, जिससे पूरे मामले की परतें खुल सकती हैं।
यह गिरफ्तारी पंजाब की राजनीति और कानून-व्यवस्था के लिहाज से एक बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है और आने वाले दिनों में इस मामले पर और भी अपडेट सामने आ सकते हैं।
Blog
13 साल के संघर्ष के बाद हरीश राणा को मिली अंतिम विदाई — इच्छा मृत्यु के बाद अंगदान से 6 लोगों को मिलेगी नई जिंदगी
13 वर्षों तक कोमा में जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे गाजियाबाद निवासी हरीश राणा ने आखिरकार इस दुनिया को अलविदा कह दिया। सुप्रीम कोर्ट से इच्छा मृत्यु (पैसिव यूथेनेशिया) की अनुमति मिलने के बाद 24 मार्च को दिल्ली के एम्स में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन के बाद आज उनका अंतिम संस्कार दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट में किया गया।
सुबह करीब 9:40 बजे हरीश के छोटे भाई आशीष ने मुखाग्नि दी। इस दौरान परिवार का माहौल बेहद भावुक रहा। हरीश के पिता अशोक राणा ने नम आंखों से बेटे को अंतिम विदाई दी और लोगों से अपील करते हुए कहा, “कोई न रोए, मेरा बेटा शांति से जाए। जहां भी जन्म ले, उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” उनके शब्दों ने वहां मौजूद सभी लोगों को भावुक कर दिया।
31 वर्षीय हरीश पिछले 13 सालों से कोमा में थे। उनकी हालत को देखते हुए परिवार ने लंबे समय से इच्छा मृत्यु की अनुमति की मांग की थी। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने इस ऐतिहासिक मामले में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया की अनुमति दी थी, जो देश के लिए एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील फैसला माना जा रहा है।
इसके बाद 14 मार्च को हरीश को गाजियाबाद स्थित उनके घर से एम्स, दिल्ली में शिफ्ट किया गया था। 16 मार्च को उनकी फीडिंग ट्यूब हटा दी गई थी, जिसके बाद उन्होंने धीरे-धीरे प्राकृतिक रूप से जीवन त्याग दिया।
डॉक्टरों के अनुसार, हरीश के परिवार ने एक सराहनीय निर्णय लेते हुए उनके अंगदान का फैसला किया। उनके फेफड़े, दोनों किडनी और कॉर्निया दान किए गए हैं, जिससे कम से कम 6 लोगों को नई जिंदगी मिलने की उम्मीद है। इस कदम की समाज में व्यापक सराहना हो रही है।
यह मामला न सिर्फ एक परिवार के दर्द और संघर्ष की कहानी है, बल्कि इच्छा मृत्यु और अंगदान जैसे संवेदनशील मुद्दों पर देशभर में नई बहस को भी जन्म दे रहा है।
-
Religious2 years agoकब है तुलसी विवाह? इस दिन तुलसी माता का विवाह करने से मिलेगा लाभ
-
Religious2 years agoजानिए गोवर्धन पूजा का महत्व, कौनसा समय रहेगा पूजा के लिए सही
-
Religious2 years agoआखिर क्यों लिखा जाता है घर के बाहर शुभ लाभ, जानिए क्या है इन चिह्न का मतलब
-
Religious2 years agoपैरों के निशान, बनावट, रंग, साइज से पता लागए की आप कितने है भागयशाली
-
Punjab2 years agoपंजाब में अमरूद के बगीचे के मुआवजे के घोटाले में ED ने 26 स्थानों पर छापे मारे
-
Chandigarh2 years agoChandigarh: Top 10 Restaurants. ये लोकप्रिय क्यों हैं ?
-
Punjab2 years agoLudhiana में पुलिस स्टेशन के पास शव मिला। एक आदमी सड़क के बीच में पड़ा था; पास में कपड़ों से भरा एक बोरे भी मिला था, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो सकी
-
Punjab2 years agoBJP पंजाब में अपने दम पर लोकसभा चुनाव लड़ेगी, शिअद (SAD) के साथ कोई गठबंधन नहीं: प्रदेश भाजपा प्रमुख सुनील जाखड़